बसपा सुप्रीमो मायावती ने सपा सरकार के 14 हजार करोड़ से ज्यादा के अनुपूरक बजट पर सवाल खड़ा किया है।
मायावती का कहना है जो सरकार बजट का पूरा पैसा नहीं खर्च कर पाती वह अनुपूरक का सही लाभ जनता को क्या दे पाएगी?
वैसे भी इस सरकार का ‘चलें गांव की ओर’ नारा सैफ ई (इटावा), मैनपुरी, कन्नौज व बदायूं व रामपुर तक ही सीमित है।
मायावती ने प्रदेश सरकार के अनुपूरक बजट पर बयान जारी कर प्रतिक्रिया दी है। कहा कि यह अनुपूरक बजट जनहित से कहीं ज्यादा व्यक्ति विशेष को खुश करने का लगता है।
चुटकी लेते हुए उन्होंने कहा कि लगता है कि मुख्यमंत्री ने इससे अपने दो मंत्री चाचाओं शिवपाल सिंह यादव व मो. आजम खां को खुश करने की कोशिश की है।
बसपा अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि सरकार ने आजम खां के गृह जिले रामपुर व उनके मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय पर तो दरियादिली दिखाई लेकिन उन सैकड़ों मुस्लिम अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थाओं को मान्यता देने के संबंध में कुछ नहीं कहा जो मुस्लिम समाज की तरक्की से जुड़ा है।