बसपा सुप्रीमो मायावती ने विधायकों से अपील की है कि वे सदन में दलगत राजनीति से ऊपर उठकर जनहित के मुद्दों पर चर्चा करें। उन्होंने आरोप लगाया है कि प्रदेश में महिला उत्पीड़न तथा दलितों, मुस्लिमों व ब्राह्मण समाज की द्वेष की भावना से हत्या व अत्याचार हो रहा है।
बसपा अध्यक्ष ने लगातार दो ट्वीट कर कहा है कि सत्ता पक्ष व विपक्ष के विधायकों को विधानसभा सत्र के दौरान दलगत राजनीति से ऊपर उठकर जनहित के मुद्दों पर प्रभावी ढंग से चर्चा करनी चाहिए। तभी शासन व प्रशासन को जिम्मेदार व जवाबदेह बनाया जा सकता है। व्यापक जनहित में यह जरूरी है।
मायावती ने कहा है कि विकास का मुद्दा सरकार के एजेंडे से काफी हद तक गायब है। महिला उत्पीड़न के साथ दलितों, मुस्लिमों व ब्राह्मण समाज की द्वेष की भावना से हत्या व अत्याचार हो रहा है। ऐसे में बिगड़ी कानून-व्यवस्था को लेकर जरूर आवाज उठाएं, समय की यह मांग है।
कानून-व्यवस्था और कोरोना के मुद्दे पर विधान परिषद में शुक्रवार को विपक्षी सदस्यों ने जमकर हंगामा किया था। उन्होंने कहा कि सरकार इन दोनों ही मामलों में विफल साबित हुई है। सपा और बसपा सदस्यों ने सदन से बहिर्गमन किया। सपा के सदस्यों ने वेल में आकर नारेबाजी भी की।