मायावती ने कहा कि इस वजह से आम जनता का जीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। केंद्र की नीतियां पूरी तरह से गलत है और इस वजह से देश में इस वक्त गरीबी, अशिक्षा और तनाव का माहौल है।
भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार भी कांग्रेस पार्टी की राह पर चल रही है। यह राजनीतिक लाभ के लिए अपनी शक्तियों का दुरुपयोग कर रहा है। सरकार की गलत नीतियों के कारण देश भर में अशांति और कानून व्यवस्था बिगड़ गई है, जो राष्ट्रीय चिंता का विषय है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में मायावती ने कहा कि भाजपा की इन्हीं कमियों के चलते कांग्रेस इसका फायदा उठा रही है। बहुजन समाज पार्टी इन हालातों को लेकर काफी चिंतित है।
मायावती ने कहा कि पूरे देश में किसानों की हालत खराब है। भाजपा की केंद्र और राज्य की सरकार गरीबों के खिलाफ ही काम कर रही है। बसपा देश की गरीब जनता के साथ है।
मायावती ने कहा कि नागरिक संशोधन कानून विभाजनकारी और संविधान विरोधी है। इस कानून को मुस्लिमों को छोड़कर बाकी धर्मों को लागू करना ठीक नहीं है। पाकिस्तान में भारत से गए मुसलमानों से भी ज्यादती हो सकती है, उन्हें इससे अलग रखना ठीक नहीं है।
मायावती ने लखनऊ और नोएडा में आयुक्त प्रणाली लागू होने पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मुझे नहीं लगता कि यूपी में कानून और व्यवस्था की स्थिति सुधरने वाली है। जब तक अपराधियों पर कार्रवाई की इच्छाशक्ति नहीं होगी तब तक कानून व्यवस्था नहीं सुधारी जा सकती। यूपी में कानून का राज नहीं है, 'जंगल राज' है। यह किसी से छिपा नहीं है। मैंने अपनी सरकार में अपने-अपने एमपी, एमएलए को भी कानून हाथ में लेने पर नहीं छोड़ा था।