लखनऊ। बाराबंकी के फतेहपुर निवासी वन रक्षक गोविंद कुमार ने ममेरे सालों की प्रताड़ना से परेशान होकर 12 सितंबर को विभूतिखंड में खुदकुशी की थी। यह आरोप गोविंद के भाई राम प्रकाश ने लगाया है। विभूतिखंड पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में प्राथमिकी दर्ज की है।
दर्ज एफआईआर के जरिये राम प्रकाश ने बताया कि भाई विभूतिखंड स्थित फॉरेस्ट कॉलोनी में रहता था और प्रमुख सचिव (पर्यावरण, वन और जलवायु मंत्रालय) की सुरक्षा में तैनात था। गोविंद का दस माह पूर्व अनुराधा से प्रेम विवाह हुआ था। इस बात से उनके मामा के बेटे अंकित कुमार और अजीत कुमार अनुराधा के घरवालों से नाराज चल रहे थे। दोनों अलग-अलग तरीकों से गोविंद को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे थे और हत्या की धमकी भी देते थे। आरोपी अनुराधा को भी पसंद नहीं करते थे। बताया कि भाई अनुराधा को इसी डर से नौकरी पर जाने नहीं देता था। आरोप कि 12 सितंबर के कुछ दिन पहले दोनों आरोपियों के कहे में आकर वह नौकरी पर चली गई। इसके बाद दोबारा अंकित और अजीत ने गोविंद को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। इसी बात से परेशान होकर भाई गोविंद ने 12 सितंबर की रात अपने घर में आत्महत्या कर ली। इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार तिवारी ने बताया कि मामले की तफ्तीश की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।