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साजिश के तहत बेगुनाहों को जेल भेजने वाला मास्टर माइंड इस तरह पहुंचा कोर्ट

Sat, 28 Jan 2017 03:40 PM IST
ब्यूरो/अमरउजाला, लखनऊ
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बेटे की हत्या के केस की पैरवी कर रहे बुजुर्ग को फंसाने के इरादे से चार बेगुनाहों को शूटर बता जेल भेजने की साजिश के मास्टर माइंड अकील अंसारी ने शुक्रवार को कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया।
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तीन थानों में दर्ज सात मुकदमों में उसकी सरगर्मी से तलाश का दावा कर रही पुलिस व क्राइम ब्रांच को भनक तक नहीं लगी। खास बात यह है कि अकील ने सआदतगंज में दर्ज मुकदमे में हाजिर होने के लिए मंगलवार को अर्जी दी। 

क्राइम ब्रांच व पारा थाने की पुलिस से 10 जनवरी को चार युवकों को शूटर बता गिरफ्तार कराने और बेटे की हत्या के केस की पैरवी कर रहे सआदतगंज निवासी श्रवण साहू द्वारा 30 लाख की सुपारी दिए जाने की साजिश के मास्टर माइंड अकील अंसारी ने शुक्रवार सुबह एसीजेएम रीतीश सचदेवा की कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया।
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कोर्ट ने उसे 14 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में लेकर जेल भेज दिया। सूत्रों के मुताबिक, अकील ने मंगलवार को कोर्ट में अर्जी दी थी कि सआदतगंज पुलिस द्वारा उसके घर दबिश देने के साथ तंग किया जा रहा है।

इस अर्जी पर कोर्ट ने बुधवार को सआदतगंज थाने से रिपोर्ट तलब की। सआदतगंज पुलिस ने अकील को दो मुकदमों में वांछित बताते हुए रिपोर्ट भेजी। इसमें एक मुकदमा श्रवण साहू द्वारा 13 जनवरी को दर्ज कराया गया था।
 
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वकीलों के बीच टहलते हुए पहुंचा कोर्ट

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इसमें अकील पर बलवा व धमकी का आरोप था। दूसरा मुकदमा मोहल्ला हर्षपुरम निवासी रुकसार ने 19 जनवरी को दर्ज कराया था। इसमें अकील अंसारी के साथ कांस्टेबल अनिल सिंह व लवकुश मिश्रा नामजद और 13 अन्य अज्ञात आरोपी थे।

अकील ने रुकसार द्वारा दर्ज कराए मुकदमे में आत्मसमर्पण की अर्जी दी। वहीं विवेचकों को वादी व गवाहों के कलमबंद बयान दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। सात मुकदमों में वांछित अकील अंसारी की तीन थानों की पुलिस व क्राइम ब्रांच द्वारा सरगर्मी से तलाश का दावा किया था।

पुलिस भी मान रही थी कि आयुष की हत्या के केस में जमानत कटाकर या अन्य थानों में दर्ज मुकदमों में वह सरेंडर कर सकता है। इसके बावजूद अकील शुक्रवार सुबह कार से कोर्ट के गेट पर पहुंचा। वकीलों के बीच टहलते हुए उसने वकील के चैंबर में जाकर दस्तावेज तैयार कराए और कोर्ट में हाजिर हो गया।
  महकमे की फजीहत कराने वाली साजिश के मास्टर माइंड अकील अंसारी की तलाश में लापरवाही का पता लगने पर डीआईजी रेंज प्रवीण कुमार ने मातहतों की जमकर क्लास ली।

उस पर दर्ज मुकदमों की तफ्तीश कर रहे सीओ बाजार खाला, सीओ चौक व सीओ महानगर को अकील के पुलिस कस्टडी रिमांड के आदेश दिए। कहा कि अकील से पूछताछ, युवकों को बंधक बनाने में इस्तेमाल फ्लैट को चिह्नित करने और मोबाइल, गाड़ी व अन्य सामान की बरामदगी के लिए पुलिस कस्टडी रिमांड जरूरी है।
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