शहरों में नक्शा पास कराना अब बेहद आसान हो जाएगा। इसके लिए आवास विभाग विकास प्राधिकरणों में जोनिंग व्यवस्था लागू करने जा रहा है। संयुक्त सचिव को प्रत्येक जोन का प्रभारी बनाया जाएगा।
नतीजतन लोगों को नक्शा पास कराने के लिए अभियंताओं के चक्कर नहीं काटने होंगे। जबकि वर्तमान में सिर्फ जोनल अभियंता ही नक्शा पास करते हैं लिहाजा लोगों को महीनों विकास प्राधिकरण के चक्कर लगाने पड़ते हैं।
गौरतलब है कि सूबे में शहरों में नक्शा पास करने का अधिकार विकास प्राधिकरणों के पास है। लेकिन जहां विकास प्राधिकरण नहीं है, वहां यह जिम्मेदारी आवास विकास परिषद के पास है।
आवास विभाग के पास लगातार ऐसी शिकायतें मिलती रहती हैं कि अभियंता नक्शा पास कराने वालों को जमकर शोषण करते हैं।
इससे छुटकारा दिलाने के लिए विभाग नक्शा पास करने के संबंध में कई आदेश जारी कर चुका है, बावजूद शिकायतों पर विराम नहीं लग पा रहा है। इसलिए अब नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी है।
आवास विभाग के प्रस्ताव के मुताबिक जोनिंग व्यवस्था के तहत हर जोन में नक्शा पास कराने के लिए आने वाले आवेदनों का परीक्षण किया जाएगा। इसके बाद संबंधित क्षेत्र के अभियंताओं से रिपोर्ट मांगी जाएगी।
इसके लिए विकास प्राधिकरण महीने में एक दिन कैंप लगाएगा। इसकी सूचना नक्शा जमा करने वालों को भी दी जाएगी।
यही नहीं अगर आवेदन में छोटी-मोटी गलतियां हुई तो उसे मौके पर ही ठीक कराते हुए नक्शे को पास कर दिया जाएगा।