लखनऊ। मदेयगंज के खदरा में शुक्रवार रात हुई सिक्योरिटी गार्ड साबिर अली की हत्या के मामले में पुलिस ने मदेयगंज के खदरा में रहने वाले व मूलत: रायबरेली के सैय्यद राजन किला बाजार निवासी सईद अहमद को गिरफ्तार कर लिया। सईद हत्या का साजिशकर्ता और रायबरेली के नया पुरवा निवासी मुख्य आरोपी मुन्ना घोषी का दोस्त है। पुलिस को आरोपी के घर से फावड़ा, हथौड़ा, चाकू व चापड़ बरामद हुआ है। मामले में साबिर के भाई वसीम ने मदेयगंज थाने में मुन्ना घोषी, सईद व दो अज्ञात पर हत्या का केस दर्ज कराया था।
रायबरेली के नयापुरवा निवासी साबिर ने वर्ष 2017 में अपने पड़ोसी पप्पू की चाकुओं से गोद कर हत्या कर दी थी। इस मामले में वह सात महीने पहले जमानत पर छूटा था और मुंबई में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी कर रहा था। शुक्रवार को वह मुंबई से रायबरेली पेशी पर आया था, लेकिन कोर्ट पहुंचने से पहले ही आरोपियों की साजिश में फंस गया। इंस्पेक्टर मदेयगंज राजेश सिंह के मुताबिक, एक आरोपी साबिर को पप्पू की हत्या के मामले में समझौता कराने की बात कह उसके पिता मुन्ना घोषी से मिलाने निकला और उसे लेकर मदेयगंज के खदरा में शिव नगर ढाल के पास स्थित सईद के घर रात करीब 12:30 बजे पहुंचा। मकान में सईद, मुन्ना घोषी व एक अन्य अज्ञात युवक मौजूद था। सईद की रची साजिश के तहत चारों आरोपियों ने साबिर की हत्या कर दी। पुलिस ने शनिवार को साजिशकर्ता सईद को गिरफ्तार कर लिया।
एक और आरोपी को रायबरेली से उठाया
सूत्रों के मुताबिक, शनिवार देर शाम लखनऊ पुलिस व एसओजी की टीम रायबरेली हत्यारोपियों के घर पहुंची थी। वहां से साबिर के उस आरोपी पड़ोसी को उठाया है जो झूठ बोलकर साबिर को सईद के खदरा स्थित घर लेकर आया था। वहीं, कुछ अन्य संदिग्धों से भी पुलिस पूछताछ कर रही है। इंस्पेक्टर के मुताबिक, गिरफ्तार सईद ने पूछताछ में बताया कि मुन्ना घोषी ने साबिर से अपने बेटे की हत्या का बदला लेने की बात ठान ली थी। मुन्ना के ही कहने पर सईद ने हत्या की साजिश रची थी, जिसमें साबिर का पड़ोसी व एक अज्ञात शामिल था।