फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लखनऊ: इस तरह एसटीएफ के हत्थे चढ़ी श्रद्धा, फरार होने के बाद बदलती रही लोकेशन; जारी करती रही वीडियो

Tue, 20 Oct 2026 04:41 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

Shraddha dubey caught by the STF: श्रद्धा दुबे नागपुर से गिरफ्तार हो गई है। अभी आ रहे इनपुट के अनुसार एसटीएफ ने उसे गिरफ्तार किया है। 
विज्ञापन
श्रद्धा दुबे नागपुर से गिरफ्तार हो गई है - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

 श्रद्धा दुबे आखिरकार गिरफ्तार हो गई। 9 अक्तूबर की रात में शिवा शर्मा की मौत की खबर आती है। यह घटना उसी के फ्लैट में हुई थी। इसके बाद से वह फरार हो गई। घटना के अगले दिन 10 अक्तूबर को  इस मामले में एफआईआर दर्ज की गई। यह मुकदमा शिवा शर्मा की मां रंजना शर्मा द्वारा दर्ज कराया गया, जिसमें श्रद्धा दुबे के अलावा उनकी बहन और दो अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया। एफआईआर दर्ज होने के बाद से ही श्रद्धा दुबे पुलिस की पकड़ से दूर और फरार हो गईं। जांच के दौरान उनकी गाड़ी सबसे पहले बहराइच के रुपईडीहा इलाके में लावारिस हालत में बरामद हुई।

विज्ञापन


Trending Videos

नेपाल से आगरा तक का सफर और वीडियो वार

शुरुआती जांच में सामने आया कि वह नेपाल से लखनऊ आईं और फिर रातो-रात आगरा के लिए रवाना हो गईं। पुलिस की पकड़ से दूर रहने के लिए वह लगातार वीडियो बनाती रहीं। नेपाल से उनके कई सीसीटीवी फुटेज सामने आए और उन्होंने खुद भी अपने बचाव में दो वीडियो बयान जारी किए। मामला बढ़ता देख उन पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया।

पुलिस महकमे पर गिरी गाज

मामला तूल पकड़ने और मुख्य आरोपी के लगातार पकड़ से बाहर रहने के कारण शासन ने सख्त कदम उठाते हुए पुलिस महकमे में बड़े फेरबदल किए। हजरतगंज इंस्पेक्टर विक्रम सिंह को लाइन हाजिर कर दिया गया, डीसीपी मध्य विक्रांत वीर को उनके पद से हटा दिया गया और एसीपी हजरतगंज रजनीश वर्मा का भी ट्रांसफर कर दिया गया।

नागपुर से हुई गिरफ्तारी

 मामले की गंभीरता को देखते हुए एसटीएफ (Special Task Force) को भी लगाया गया था। ताजा खबरों के अनुसार, लंबी मशक्कत और तलाश के बाद आखिरकार एसटीएफ ने श्रद्धा दुबे को दबोच लिया है।

जानिए पूरा घटनाक्रम

हजरतगंज थाना क्षेत्र के चर्चित शिवा शर्मा प्रकरण में पुलिस और यूपी एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। लखनऊ पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने नागपुर पुलिस के सहयोग से 50-50 हजार रुपये के तीन इनामी फरार अभियुक्तों को नागपुर से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों में मॉडल श्रद्धा दुबे, उनकी बहन रश्मि दुबे और ड्राइवर दानिश शामिल हैं।

क्या है पूरा मामला
 09 अक्तूबर 2026 को थाना हजरतगंज में रंजना शर्मा की लिखित तहरीर के आधार पर मुकदमा संख्या 216/2026, धारा 103(1) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया था। इस मामले में कारोबारी शिवा शर्मा की मौत के बाद से ही आरोपी श्रद्धा दुबे, रश्मि दुबे और चालक दानिश फरार चल रहे थे, जिन पर पुलिस की ओर से 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।

नागपुर से हुई गिरफ्तारी
फरार चल रहे इन आरोपियों की सुरागकशी के बाद, आज दिनांक 20 अक्तूबर 2026 को लखनऊ पुलिस और यूपी एसटीएफ ने नागपुर पुलिस की मदद से तीनों इनामी अभियुक्तों को धर दबोचा। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए सभी अभियुक्तों को नियमानुसार आवश्यक विधिक प्रक्रिया पूरी कर लखनऊ लाया जा रहा है।

रायबरेली भी पहुंची थी पुलिस, पिता और सौतेली मां से डेढ़ घंटे की पूछताछ

कारोबारी शिवा शर्मा की मौत के मामले में मॉडल श्रद्धा दुबे की तलाश में लखनऊ पुलिस की टीम सोमवार दोपहर रायबरेली स्थित उसके घर रामजीपुरम पहुंची। टीम ने श्रद्धा के पिता एसपी दुबे और सौतेली मां से बंद कमरे में करीब डेढ़ घंटे तक पूछताछ की।

पुलिस ने श्रद्धा के करीबियों और मददगारों के बारे में जानकारी जुटाने के साथ यह भी पूछा कि वह आखिरी बार घर कब आई थी और परिजनों की उससे आखिरी बार कब बात हुई थी। इसके बाद आसपास के लोगों से भी पूछताछ की गई। पुलिस ने मीडिया से दूरी बनाए रखी और कोई जानकारी नहीं दी।
विज्ञापन

शिवा की मां बोलीं- शातिर दिमाग है श्रद्धा, जल्द हो गिरफ्तारी

शिवा की मां और अलीगंज निवासी रंजना ने फरार आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। उनका कहना है कि उनका कहना है कि श्रद्धा काफी शातिर दिमाग है। पहले उन्हें लगा था कि वह नेपाल में है, जहां से उसे पकड़ना मुश्किल होगा। लेकिन रविवार को एक मीडिया संस्थान को दिए गए उसके इंटरव्यू के बाद सवाल उठता है कि जब मीडिया उस तक पहुंच सकती है तो पुलिस क्यों नहीं।

खुद को बचाने के लिए वीडियो जारी कर रही है श्रद्धा
रंजना का आरोप है कि श्रद्धा खुद को बचाने के लिए वीडियो जारी कर रही है। शिवा अपने दोनों मोबाइल में दिनभर की घटनाएं दर्ज करता था लेकिन उसके फोन अब तक नहीं मिले हैं। रंजना ने आरोप लगाया कि श्रद्धा उनके बेटे को ब्लैकमेल करती थी और साजिश के तहत उसकी हत्या कर दी।

15 दिन पहले ही हुई थी श्रद्धा से मुलाकात
रंजना के मुताबिक, करीब 15 दिन पहले हजरतगंज स्थित हनुमान मंदिर में उनकी श्रद्धा से मुलाकात हुई थी। बेटे की दोस्त होने के नाते उन्होंने श्रद्धा से उसकी आईडी भी मांगी थी। शिवा पर कर्ज होने की बात पर उन्होंने कहा कि वह व्यवसायी हैं और उनके यहां लेनदेन होता रहता है।

दो घंटे तक बहकाने का आरोप
रंजना का दावा है कि शिवा की मौत के बाद श्रद्धा करीब दो घंटे तक उन्हें इधर-उधर की बातें करके बहकाती रही। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर श्रद्धा निर्दोष है तो वह भाग क्यों गई। रंजना के मुताबिक, श्रद्धा घायल शिवा को पहले एक निजी अस्पताल और फिर लोहिया अस्पताल ले जाने की बात कह रही थी। वह लोहिया अस्पताल पहुंचीं तो श्रद्धा वहां नहीं मिली। इसके बाद उन्हें ट्रॉमा सेंटर बुलाया गया लेकिन वहां पहुंचने तक आरोपी जा चुके थे।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें