आईआईटी कानपुर के वरिष्ठ वैज्ञानिक व आईआईटी जोधपुर के निदेशक प्रो. अविनाश कुमार अग्रवाल और उनकी टीम ई-85 ईंधन पर शोध कर रही है। अगर शोध सफल रहता है तो भविष्य में 85 फीसदी एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल से वाहन रफ्तार भरेंगे। इसके लिए वाहन के इंजन और हार्डवेयर में बदलाव करना होगा। आईआईटी कानपुर के इंजन रिसर्च लैब में अनुसंधान कर रहे डॉ. ध्रुव राज कैराना ने ई-20 ईंधन से खराब हो रही गाड़ियों को अफवाह बताया। माइलेज कम होने और गाड़ी की शक्ति घटने के दावों पर डॉ. कैराना ने कहा कि दैनिक जीवन में इसका खास अंतर देखने को नहीं मिलता है।