जेल में बंद बाहुबली मुख्तार अंसारी के विधायक पुत्र अब्बास अंसारी और उमर अंसारी को हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ से फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है। फर्जीवाड़ा करके निष्क्रांत संपत्ति पर अवैध कब्जा करने के आपराधिक मामले में आरोपी दोनों भाइयों की तरफ से दाखिल केस खत्म करने की याचिका पर सुनवाई के लिए कोर्ट ने 24 मार्च की तारीख तय की है। साथ ही राज्य सरकार को भी इस पर जवाब अथवा आपत्ति दाखिल करने के लिए 10 दिन का समय दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति राजेश सिंह चौहान की एकल पीठ ने दिया।
उमर व अब्बास की तरफ से दाखिल याचिका में, फर्जीवाड़ा से जुड़े केस में दाखिल आरोपपत्र पर निचली अदालत की तरफ से लिए गए संज्ञान, तलबी आदेश व मुकदमे से जुड़ी पूरी कार्यवाही को रद्द किए जाने की मांग की गई है। राज्य सरकार की ओर से मौजूद अपर शासकीय अधिवक्ता प्रथम राजेश कुमार सिंह ने याचिका का विरोध करते हुए पूरे ब्योरे के साथ जवाबी हलफनामा दाखिल करने के लिए कुछ मोहलत मांगी। इस पर कोर्ट ने राज्य सरकार को जवाबी हलफनामा व आपत्ति दाखिल करने के लिए 10 दिन का समय देते हुए मामले की अगली सुनवाई के लिए 24 मार्च की तारीख तय कर दी।