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Lucknow News: खराब हो गई थी स्कूटी की बैटरी, करते रहे चार्ज, धमाके से घर जला

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लखनऊ। बालागंज के हरिनगर इलाके में बुधवार सुबह घर में चार्जिंग के दौरान नसीम की स्कूटी में धमाका हो गया। स्कूटी धू-धूकर जलने लगी। कमरे में रखा सामान भी आग की चपेट में आ गया। मकान के भीतर चार लोग फंस गए। भूतल पर मौजूद महिला किरायेदार हुस्नजहां को पड़ोसियों ने किसी तरह से बाहर निकाला, जबकि पहली मंजिल पर फंसे नसीम, उनकी पत्नी व बेटे ने पड़ोसी की छत पर कूदकर जान बचाई। सूचना पर पहुंची दमकल की दो गाड़ियों ने करीब एक घंटे में आग पर काबू पाया। बताया जा रहा है कि स्कूटी की बैटरी खराब हो गई थी, जिससे वह कम चार्ज होती थी।

हरिनगर निवासी नसीम मकान की पहली मंजिल पर रहते हैं। बुधवार सुबह वह और उनकी पत्नी आसमां और बेटा साहिल घर पर ही थे। भूतल पर किरायेदार हुस्नजहां थीं। भूतल पर ही लॉबी में नसीम की इलेक्ट्रिक स्कूटी चार्जिंग पर लगी थी। सुबह करीब साढ़े दस बजे स्कूटी की बैटरी तेज धमाके के साथ फट गई। जब तक घर पर मौजूद लोग कुछ समझ पाते, उसमें आग लग गई। कुछ मिनटों में ही कमरे में रखा सोफा, बेड आदि सामान आग की चपेट में आ गया। पूरे मकान में दमघोंटू धुआं भर गया।
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पड़ोसी ने जलती स्कूटी बाहर खींची, बचा ली जान

मकान में अंदर गेट के ठीक सामने ही स्कूटी खड़ी थी। आग लगने से पूरा रास्ता बंद हो गया था। जैसे ही धमाका हुआ, पड़ोसी वहां जुट गए। उन्होंने डंडे आदि के सहारे से किसी तरह से जलती स्कूटी को बाहर खींचा। इसके बाद हुस्नजहां बाहर आ सकीं। तब तक बाकी सामान जलने लगा और आग पूरे भूतल पर फैल गई।



घर से बाहर थे तीन लोग

नसीम का बड़ा बेटा आसिफ और हुस्नजहां के दोनों बेटे सुल्तान व नजर भी इसी मकान में रहते हैं। पर, वे हादसे के वक्त घर पर नहीं थे। कुछ देर पहले ही काम पर चले गए थे।



दहशत फैली, खिड़कियों के शीशे टूटे

धमाका इतना जोरदार था कि मोहल्ले वाले दहशत में आ गए। हर कोई घर से बाहर निकल आया। मकान की खिड़कियाें के शीशे भी टूट गए। जब तक सभी बाहर नहीं निकल आए, चीख-पुकार मची रही।



मैकेनिक ने बैटरी बदलने की दी थी सलाह, नहीं बदली

नसीम ने ये स्कूटी दो साल पहले खरीदी थी। कुछ वक्त से बैटरी दिक्कत कर रही थी। चार्जिंग देर से हो रही थी और कम देर तक चलती थी। इसलिए उन्होंने मैकेनिक को दिखाया था। उसने बताया था कि बैटरी खराब हो गई थी। बदलने की सलाह दी थी। इसके बावजूद नसीम ने बैटरी नहीं बदलवाई। उसी को चार्ज करते रहे। रोजाना वह रात में चार्जिंग पर लगा देते थे और सुबह निकालते थे। अंदेशा है कि इसी लापरवाही की वजह से हादसा हुआ। गनीमत रही कि जनहानि नहीं हुई।
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ओवरहीट होने पर ब्लास्ट होती है बैटरी

लखनऊ विश्वविद्यालय के फिजिक्स विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. एनके पांडेय के अनुसार ओवरहीट होने के बाद ही कोई भी बैटरी ब्लास्ट होती है। ओवरहीट होने के पीछे पहली वजह लगातार ज्यादा देर तक उपयोग होना और दूसरी ओवरचार्ज होना हो सकता है।

बैटरी की सुरक्षा के लिए क्या करें

गाड़ी की सर्विस कराते समय बैटरी के टर्मिनल पर ग्रीस का प्रयोग न करें। टर्मिनल पर ग्रीस लगाने से बैटरी खराब हो सकती है।

आमतौर पर कंपनियां बैटरी की वारंटी देती हैं। समस्या होने पर इससे पहले भी इसे बदलना पड़ सकता है। इसलिए कंपनी के सर्विस सेंटर पर उसकी जांच कराते रहें।

बहुत तेज गाड़ी चलाने और क्षमता से ज्यादा भार की वजह से भी बैटरी पर प्रभाव पड़ता है। इसलिए हमेशा आराम से गाड़ी चलाएं।
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