बाइक बोट घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने नोएडा की नोबल बिल्डटेक कंपनी के मालिक विजय कुमार शर्मा के खिलाफ अदालत में अनुपूरक आरोप पत्र दाखिल किया है। ईडी की जांच में सामने आया कि नोएडा के नोबल कोऑपरेटिव बैंक में बाइक बोट घोटाले के मुख्य आरोपी संजय भाटी ने खाते खोलकर करोड़ों रुपये का गोलमाल किया था। विजय कुमार शर्मा इस बैंक का सीईओ और प्रशासक था।
ईडी की जांच में सामने आया कि विजय कुमार शर्मा ने बिना किसी जांच के संजय भाटी की कंपनी गर्वित इनोवेटर्स को थोक में 2.50 लाख चेक जारी किए थे। इन चेकों को बाद में निवेशकों को दिया गया था। इसके एवज में विजय कुमार शर्मा को संजय भाटी ने सात करोड़ रुपये दिए थे। जब ईडी के अधिकारियों ने नोबल बिल्डटेक एलएलपी के बैंक खाते में भेजे गए सात करोड़ रुपये के बारे में पूछताछ की तो विजय कुमार शर्मा संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। उल्लेखनीय है कि विजय कुमार शर्मा को यूपी पुलिस की ईओडब्ल्यू ने नवंबर, 2020 में गिरफ्तार किया था।
70 करोड़ रुपये कराए थे जमा
जांच में सामने आया कि संजय भाटी ने नोबल कोआपरेटिव बैंक में निवेशकों के करीब 70 करोड़ रुपये जमा कराए थे। बाद में इस रकम को विजय कुमार शर्मा से मिलीभगत करके ग्रेटर नोएडा की कई संपत्तियों में निवेश किया गया। वहीं, जब निवेशकों ने अपने भुगतान के लिए बैंक में चेक लगाई तो वे बाउंस होने लगी। जांच में पता चला कि इनमें से अधिकांश चेक फर्जी थे, जिनको छपवाकर निवेशकों को झांसा देने के लिए बांटा गया था। ये भी पता चला कि विजय शर्मा ने संजय भाटी और बिजेंद्र हुड्डा के साथ मिलकर बैंक से कंपनी की गाड़ियों पर फर्जी तरीके से लोन कराया था।