मऊ डिपो में तैनात सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक पीके सिंह को पदावनत करने के आदेश जारी किए गए हैं। वह 30 नवंबर 2022 को रिटायर हो रहे हैं। इसके अलावा उनसे 4,87,784 रुपये की रिकवरी भी की जाएगी। उप्र राज्य परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक संजय कुमार ने बताया कि एआरएम पीके सिंह ने एआरएम फाउंड्री नगर डिपो आगरा के पद पर रहते हुए अपात्र कर्मचारियों का विशेष अवकाश स्वीकृत किया। नियम विरुद्घ ये अवकाश दिए गए और कर्मचारियों ने भी इसका पूरा पैसा विभाग से लिया। इससे निगम को 3,44,894 की हानि पहुंची। इसके अलावा उन्होंने बिजली घर बस स्टेशन के प्रसाधन ब्लॉक से 1,39,840 जमा नहीं कराए। निगम को कुल 4,87,784 की हानि पहुंचाई गई।
उन्होंने कहा कि इस रकम की वसूली पीके सिंह के देयों से की जाएगी। आरोप है कि उनके द्वारा उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना की साथ ही कार्य में लापरवाही बरतने तथा मनमर्जी से कार्य करने का परिणाम यह हुआ कि निगम के प्रतिफल में 171.06 लाख रुपये की गिरावट दर्ज की गयी। इससे पीके सिंह को मौजूदा पद से एक पद नीचे अवनति के आदेश जारी किए गए हैं। यानी उन्हें यातायात अधीक्षक बनाया जाएगा।
शाहजहांपुर के दो एक्सईएन हटाए गए
शासन ने शाहजहांपुर के प्रांतीय खंड और निर्माण खंड में तैनात अधिशासी अभियंताओं को हटाकर मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है। प्रांतीय खंड, शाहजहांपुर के एक्सईएन राजकुमार पिथौरिया को विभागाध्यक्ष कार्यालय से संबद्ध किया गया है। क्वालिटी मैनेजमेंट सेल लखनऊ में तैनात महेंद्र कुमार पाल को प्रांतीय खंड, शाहजहांपुर भेजा गया है। निर्माण खंड (भवन) झांसी में तैनात रथिन सिन्हा को निर्माण खंड-1 शाहजहांपुर में तैनाती दी गई है। वहीं, निर्माण खंड-1 में तैनात राजेश चौधरी को विभागाध्यक्ष कार्यालय भेजा गया है।
अमेठी मेडिकल कॉलेज के टेंडर में लापरवाही पर अनुशासनिक कार्रवाई
शासन ने मुख्य अभियंता (विद्युत एवं यांत्रिक) मनोहर सिंह यादव के खिलाफ सरकारी सेवक नियमावली के नियम-7 के तहत अनुशासनिक कार्रवाई शुरू करने के आदेश दिए हैं। अमेठी में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज और पुलिस लाइन के भवनों के निर्माण कार्यों की निविदा प्रक्रिया में बरती गई लापरवाही पर यह जांच शुरू की गई है। इस मामले में प्रमुख अभियंता, नियोजन को जांच अधिकारी और मुख्य अभियंता, परिवाद को प्रस्तुतकर्ता अधिकारी नामित किया गया है।