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Lucknow : महापौर-नगर आयुक्त के बीच इस बात पर बनी सहमति, कार्यकारिणी में प्रस्ताव पास; डिटेल में जानें

Thu, 13 Nov 2025 05:53 PM IST
आकाश द्विवेदी अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

महापौर ने कहा कि 31 मृतक आश्रितों के मामले लंबित थे। उनकी जांच हुई तो 10 अपात्र पाए गए। शेष 21 की फाइलें तैयार हो गईं हैं।
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नगर निगम लखनऊ।
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विस्तार
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लखनऊ में पिछले 20 दिनों से महापौर सुषमा खर्कवाल और नगर आयुक्त गौरव कुमार के बीच अधिकारों को लेकर चल रहा टकराव दूर हो गया और बृहस्पतिवार को कार्यकारिणी बैठक शांतिर्पूवक संपन्न हुई। उसमें में शहर के विकास कार्याें को लेकर बात हुई।

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बैठक में शहर में नए मॉडल वेंडिंग जोन बनाने, जिन घरों पर सोलर पैनल लगा है उनको गृहकर में छूट देने और बांग्लादेशी के खिलाफ अभियान चलाने, और विकास कार्यों में बजट की कमी को दूर करने के लिए 18 नवंबर को विशेष कार्यकारिणी बैठक बुलाकर पुनरीक्षित बजट पास करने का प्रस्ताव भी पास किया गया।

अब आपस में कोई विवाद नहीं यह जताने के लिए करीब एक महीने बाद महापौर और नगर आयुक्त एक मंच पर आए। बैठक में पास हुए प्रस्तावों की दोनों ने संयुक्त रूप से जानकारी दी और बैठक के बाद एक ही गाड़ी से गए भी। महापौर ने कहा कि भी जिन लंबित प्रस्तावों पर अमल न होने को लेकर विवाद था वह दूर हो गया है। कुछ पर अमल हो गया है और कुछ पर एक सप्ताह में हो जाएगा।
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ऐसे में अब कोई विवाद नहीं है। महापौर ने बताया कि विकास कार्य के लिए पुनरीक्षित बजट को पास करना जरूरी है। इसके लिए 18 नवंबर को कार्यकारिणी की बैठक होगी। बजट तैयार हो गया है। सफाई, मार्ग प्रकाश, डीजल पेट्राेल व सड़क निर्माण व मरम्मत के लिए बजट की जरूरत है। यह बजट पास करने के बाद ही उपलब्ध हो पाएगा। जिन मसलों को लेकर महापौर खफा थीं उनमें मृतक आश्रितों की नियुक्ति और हाईकोर्ट में पैनल अधिवक्ता नमित शर्मा को हटाकर शैलेंद्र सिंह चौहान को नियुक्त करने का मामला मुद्दा प्रमुख था।

इस पर महापौर ने कहा कि 31 मृतक आश्रितों के मामले लंबित थे। उनकी जांच हुई तो 10 अपात्र पाए गए। शेष 21 की फाइलें तैयार हो गईं हैं। एक सप्ताह में नियुक्ति पत्र वितरित कर दिए जाएंगे। पैनल अधिवक्ता का मामला भी हल हो जाएगा। उसको लेकर लेकर नियमावली बनाई जा रही है। महापौर ने बताया कि जिस तरह गोमती नगर के विभूति खंड में एक माॅडल वेंडिंग जोन बनाया गया है उसी तरह शहर के अन्य इलाकों में बनाए जाएंगे।

अब सभी कम्प्यूटर आपरेटरों को मिलेंगे 19800 रुपये

नगर निगम में करीब 100 कम्प्यूटर आपरेटर कार्यदायी संस्थाओं के जरिए अलग-अलग विभागों में तैनात हैं। इनमें किसी को आठ हजार तो किसी को 15 हजार और किसी का 12 हजार रुपये वेतन दिया जा रहा है। इसको लेकर कई बार विवाद हो चुका है। जिसके बाद नगर निगम कार्यकारिणी में इसका प्रस्ताव लाया गया।

जिसमें यह तय किया गया कि शासन के अन्य विभागों में लागू नियमों के तहत अब नगर निगम में भी सभी कम्प्यूटर आपरेटारों को एक समान 19800 रुपये महीना मानदेय दिया जाएगा। जो कम्प्यूटर आपरेटर लापरवाह या अयोग्य होंगे उनको हटाया भी जाएगा। जानकारेां का कहना है बहुत से आपरेटर सिफारिश हैं। निगम कर्मियों के ही करीबी और परिवार के हैं, जिनको काम सही तरह से नहीं आता है मगर सिफारिश पर लगे हुए हैं।

सोलर लगाने पर 10 प्रतिशत की छूट देने पर विवाद

महापौर ने बताया कि जो भवनस्वामी सोलर लगाएंगे उनको गृहकर में 10 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। इसको लेकर नियमावली तैयार की जाएगी। उसके बाद इसे नए वित्तीय वर्ष से लागू किया जाएगा। वहीं मामले के जानकार अफसरों ने कार्यकारिणी में यह मामला भी उठाया कि इस तरह से छूट देने से नगर निगम की गृहकर आय पर असर पड़ेगा साथ ही उन लोगों की आपत्तियां भी आएंगी जो गृहकर जमा कर चुके हैं।

पार्षद अनुराग मिश्रा अन्नू ने कहा कि सोलर में छूट देने से पहले नगर निगम छूट का वह समय बहाल करे जो उसने घटा दिया है। पहले अप्रैल से जुलाई तक 10 प्रतिशत और अगस्त से दिसंबर तक पांच प्रतिशत की छूट सभी भवन स्वामियों को नगर निगम देता था मगर अब यह अप्रैल से जून तक ही दी जाती है। ऐसे में पहले नौ महीने छूट मिलती थी जो अब तीन महीने ही मिल रही है। पार्षद ने कहा कि वह इस मामले को सदन में उठाएंगे।

हैरत में सब अचानक कैसे दूर हो गया विवाद

महापौर नगर आयुक्त के बीच जिस तरह अधिकारों को लेकर टकराव बुधवार तक चल रहा था वह अचानक बृहस्पतिवार को कैसे दूर हो गया, इसको लेकर सब हैरत में हैं। नगर निगम कार्यकारिणी के सदस्य भी हैरान में है। नगर निगम कर्मचारियों में यह भी यह चर्चा का विषय रहा। जिस तरह से टकराव दोनों ओर से था उससे लग नहीं रहा था कि यह शांत होगा। अब जिस तरह से शांत हुआ और ऐसा लग रहा कि कुछ हुआ ही नहीं था, यह बात किसी को हजम नहीं नहीं हो रही। सब यह पता करने में लगे हैं कि आखिर यह हुआ कैसे।

कहां किस मॉडल वेंडिंग जोन में बनेंगी कितने दुकानें

  • हिंद नगर वार्ड में हिल्टन होटल के पास 59 दुकानें
  • चिनट तिराहा से नक्षत्र लॉन व मटियारी से मल्हौर स्टेशन तक 90 दुकानें
  • अलीगंज में नावेल्टी सिनेमा, पुराना नगर निगम ऑफिस व पुरनिया पेट्रोल पंप के पास 90 दुकानें
  • मानक नगर पुल के नीचे 85 दुकानें

 

पिछली कार्यकारिणी के यह प्रस्ताव हुए पास

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