फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लखनऊ : लोकायुक्त ने प्रमुख सचिव आलोक कुमार को गुण दोष के आधार पर दोनों मामलों में दी क्लीन चिट

Thu, 21 Sep 2023 06:34 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

जांच के बाद गुण-दोष के आधार पर उन्हें क्लीन चिट दे दी है। इस संबंध में बुधवार को लोकायुक्त संयुक्त सचिव राजेश कुमार ने आदेश जारी कर दिया है।
विज्ञापन
demo pic... - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

लोकायुक्त ने चिकित्सा शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव आलोक कुमार के खिलाफ दाखिल परिवाद को समाप्त कर दिया है। जांच के बाद गुण-दोष के आधार पर उन्हें क्लीन चिट दे दी है। इस संबंध में बुधवार को लोकायुक्त संयुक्त सचिव राजेश कुमार ने आदेश जारी कर दिया है।

विज्ञापन


बता दें कि लखनऊ निवासी राजेश खन्ना ने कुछ समय पहले लोकायुक्त के यहां शिकायत की थी। इसमें चिकित्सा शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव आलोक कुमार पर टेंडर में गड़बड़ी का आरोप लगाया था। लोकायुक्त संजय मिश्रा ने मामले में जांच के आदेश दिए थे। मामले की जांच के बाद यह मामला सुनवाई के योग्य नहीं पाया गया। उन्होंने कहा कि राजेश खन्ना द्वारा प्रस्तुत परिवाद जांच के बाद गुण-दोष के आधार पर समाप्त कर दिया गया है। 

इसी तरह लखनऊ निवासी मोनिका सिंह द्वारा दाखिल किए गए परिवार को भी समाप्त कर दिया गया है। लोकायुक्त के संयुक्त सचिव राजेश कुमार ने इस संबंध में बुधवार को आदेश जारी कर दिया है। उन्होंने बताया कि लोकायुक्त की ओर से दोनों मामले समाप्त कर दिए गए हैं।
विज्ञापन


मालूम हो कि इससे पहले चिकित्सा शिक्षा विभाग के विशेष सचिव रामयज्ञ मिश्रा के खिलाफ हुई शिकायत भी वापस ले ली गई है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि इन शिकायतों के पीछे टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा लेने वाले कुछ लोगों की साजिश रही है। नियमों पर सख्ती करने के बाद अफसरों के खिलाफ झूठी शिकायत की गईं थी। यही वजह है कि एक मामले में शिकायतकर्ता ने खुद शिकायत वापस ले ली तो दूसरी गुणदोष के आधार पर समाप्त हो गई।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें