लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने ऐशबाग में कम कीमत में ‘खास’ डिजाइन के फ्लैट बनाने की योजना पर काम शुरू कर दिया है। इसके लिए आर्किटेक्ट के चयन की प्रक्रिया चल रही है। पहली बार एलडीए प्रोजेक्ट के लिए आर्किटेक्ट का चयन उसके डिजाइन और आइडिया के आधार पर करेगा। अधिकारियों का तर्क है कि इससे कम लागत में बेहतर फ्लैट बनाए जा सकेंगे। एलडीए का प्रयास है कि यहां 30 से 40 लाख रुपये के बीच कीमत के फ्लैटों का निर्माण किया जाए।
एलडीए के मुख्य अभियंता इंदुशेखर सिंह का कहना है कि ऐशबाग में तीन भूखंड को मिलाकर करीब 10 एकड़ जमीन पर प्रोजेक्ट बनना है। इसमें करीब 600 फ्लैट की बहुमंजिला योजना तैयार होगी। हम पहली बार प्रयोग कर रहे हैं कि आर्किटेक्ट के बीच प्रतिस्पर्धा कराई जाए।
इससे बेहतर डिजाइन और निर्माण के लिए आइडिया मिल सकेगा। जो सबसे किफायती और बेहतर आइडिया देगा, उसी फर्म को प्रोजेक्ट की जिम्मेदारी दी जाएगी। आर्किटेक्ट के चयन के बाद ही निर्माण शुरू करने को कांट्रेक्टर चुना जाएगा।
जीएसटी, पीएमएवाई दोनों का मिलेगा फायदा
फ्लैटों के आकार और कीमत एलडीए ऐसे तय कर रहा है कि जिससे आवंटियों को जीएसटी और प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) दोनों का लाभ मिल सके। 90 वर्गमीटर और 45 लाख रुपये से कीमत कम होने से जहां जीएसटी केवल एक प्रतिशत ही देना होगा। वहीं, पीएमएवाई में होम लोन पर सब्सिडी भी मिलेगी। इससे आवंटियों को सीधे तौर पर करीब तीन लाख रुपये तक का फायदा हो जाएगा।
इंप्रूवमेंट ट्रस्ट की जमीन पर होना निर्माण
एलडीए ने यह प्रोजेक्ट इंप्रूवमेंट ट्रस्ट (अब लखनऊ विकास प्राधिकरण) की विकसित ऐशबाग इंडस्ट्रियल योजना में कब्जे में बनी जमीन को खाली कराने के बाद लॉन्च किया है। इसके लिए जनवरी में हुई बोर्ड बैठक में भू-उपयोग बदलने को भी अनुमति ली जा चुकी है। यहां दो बीएचके और दो बीएचके प्लस स्टडी टाइप के फ्लैट बनाने हैं।
निर्माण शुरू होने के बाद ही आवंटन
किसी भी तरह के विवाद में आवंटियों को न फंसाने के लिए एलडीए ने यहां निर्माण शुरू करने के बाद ही आवंटन खोलने की नीति तय की है। प्राधिकरण अब तभी इन फ्लैटों के लिए पंजीकरण खोलेगा, जब यहां निर्माण शुरू हो जाएगा। ऐसा समय पर प्रोजेक्ट शुरू करने को किया गया है।