बच्ची की हत्या के मामले में पुलिस का दावा है कि लापता होने के बाद उसके घर के आसपास करीब 200 घरों की तलाशी ली गई। पानी की टंकी व मैन होल चेक किए गए, पर कुछ मिला नहीं था। अब तक 16 लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। सीसीटीवी कैमरे चेक करने पर 23 जनवरी की शाम 5.01 बजे बच्ची चौराहे के पास सब्जी की डलिया लेकर जाते दिखी थी।
पुलिस को कॉस्मेटिक विक्रेता सोनू जोशी के घर के पास लगे सीसीटीवी कैमरे में शाम 5.05 बजे बच्ची दिखी। सोनू घर के बाहर कुर्सी पर बैठा था। बच्ची घर के पास मुड़ी और पीछे सोनू जाते दिखा। इसके बाद कुछ नजर नहीं आया। इसी फुटेज के बाद पुलिस का शक सोनू पर गहराया था। शनिवार को पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। करीब 10 घंटे पूछताछ के बाद सोनू को पुलिस ने छोड़ दिया। पुलिस को जिस शख्स सोनू जोशी पर पहला संदेह हुआ, पूछताछ के बाद उसके आत्महत्या करने से जांच उलझ गई है। पुलिस अब नए सिरे से जांच कर रही है।
साले को सोनू ने किया था मेसेज, व्हाट्सएप चैट की डिलीट
पुलिस के सूत्र बताते हैं कि सोनू के मोबाइल की जांच में उसकी व्हाट्सएप चैट डिलीट मिली। चैट को रिकवर किया गया तो पता चला कि सोनू ने साले को मैसेज किया था कि उसे कॉल न करे। सोनू ने ऐसा क्यों किया, यह बात साफ नहीं हो सकी है। सोनू के मोबाइल फोन से दो निजी वीडियो भी मिले हैं।
बच्ची को छह किलोमीटर दूर कौन ले गया
बच्ची के घर और घटनास्थल के बीच छह किलोमीटर की दूरी है। ऐसे में सवाल उठता है कि इतनी दूर कौन और क्यों ले गया? कहीं ऐसा तो नहीं कि हत्या करने वाला सैरपुर का है। या फिर बच्ची की हत्या कहीं और करने के बाद शव को सैरपुर इलाके में नाले में ले जाकर फेंका गया है। अब पुलिस घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही है। पुलिस करीबियों और स्थानीय लोग इलाके में रहने वाले नशेड़ियों पर शक जता रहे हैं। पुलिस तीन नशेड़ियों को हिरासत लेकर पूछताछ की जा रही है।