बाराबंकी के फतेहपुर खंड के कुर्सी औद्योगिक क्षेत्र का मामला, बरेली में संबद्ध
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। बाराबंकी के फतेहपुर खंड तहत कुर्सी क्षेत्र में एक उद्यमी की औद्योगिक इकाई को बिजली कनेक्शन समय से न मिलने पर वहां के एसडीओ सर्वेश कुमार एवं जेई अनिल कुमार को निलंबित करके बरेली के द्वितीय जोन में संबद्ध किया गया है। जेई एवं एसडीओ पर आरोप कि औद्योगिक इकाई की ओवर हेड बिजली लाइन बनवाने में सहयोग नहीं किया गया। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम की एमडी रिया केजरीवाल ने यह कार्रवाई 29 अक्तूबर मुख्य अभियंता नरेश कुमार एवं एक्सईएन मनोज गुप्ता की मौका मुआयना जांच रिपोर्ट के आधार पर की है। हालांकि, एमडी को संबंधित अधीक्षण अभियंता एवं मुख्य अभियंता के स्तर से की गई कार्रवाई की भी समीक्षा की जानी चाहिए। दरअसल, लापरवाह जेई को निलंबित करने का अधिकार अधीक्षण अभियंता के पास है।
यह पूरा मामला: उद्यमी ने जमा किए 1.21 करोड़
कुर्सी रोड औद्योगिक क्षेत्र की इकाई के लिए मेसर्स आर्चियन फूड्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी ने 3000 केवीए का बिजली कनेक्शन लेने के लिए इसी साल 27 फरवरी को आवेदन किया था। कनेक्शन की जांच रिपोर्ट लेकर एस्टीमेट तक जारी करने का काम समय से हो गया। इस कंपनी की तरफ से सुपरवीजन, मीटरिंग, सिक्योरिटी के रूप में 17 मार्च को 1.21 करोड़ रुपये जमा किए गए थे।
सवाल: आवेदक को बनानी लाइन, तो जेई-एसडीओ की लापरवाह कैसे
बिजली कनेक्शन मांगने वाली कंपनी ने बिजली लाइन खुद ही बनाने का जिम्मा लिया था। यानी आवेदक के द्वारा जब बिजली लाइन बनाकर विद्युत सुरक्षा निदेशालय एवं बिजलीविभाग की टीम जांच करके एनओसी जारी कर देती तब जेई एवं एसडीओ की बिजली कनेक्शन देने की जिम्मेदारी शुरू होती है। ऐसे में सवाल, जब लाइन जेई एवं एसडीओ को डिपॉजिट में बनानी ही नहीं थी तो लापरवाही कैसे हुई। हालांकि, फतेहपुर खंड के एक्सईएन नीरज गर्ग का कहना कि उद्यमी के द्वारा ओवर हेड लाइन बनवाने में जेई एवं एसडीओ सहयोग नहीं कर रहे थे जिससे औद्योगिक इकाई को समय से कनेक्शन नहीं मिल सका। इससे बिजली विभाग को राजस्व की क्षति पहुंची।