डालीगंज में 10 और रहीमनगर-डंडहिया में 7 घंटे गुल रही बिजली
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। जानकीपुरम जोन के डालीगंज और रहीमनगर-डंडहिया सहित आसपास के लोग बीते मंगलवार-बुधवार पूरी रात बिजली के जागे। बिजली संकट से त्रस्त लोगों ने समय से ही जेई-एसडीओ को सूचना दे दी, फिर भी समस्या के निराकरण पहल शुरू नहीं हो सकी। इसके विरोध में लोगो ने उपकेंद्र से लेकर घटना स्थल तक हंगामा कर प्रदर्शन किया।
उपभोक्ता खुद खींच कर ले गए ट्राली ट्रांसफार्मर
राजधानी में अभी वर्टिकल सिस्टम लागू से पहले इलाकाई इंजीनियरों की लापरवाही उजागर होने लगी है। उपभोक्ताओं ने बताया कि मंगलवार रात करीब 9:15 बजे किसी तकनीकी फॉल्ट के कारण रहीमनगर-डंडहिया सहित आसपास की बिजली गुल हो गई। रात 10 बजे ही पार्षद सहित उपभोक्ता उपकेंद्र पहुंचे और जिम्मेदारों ने मदद करने से हाथ खड़े कर दिए। रात करीब 12 बजे तक बिजली चालू नहीं हुई तो सुभाष पार्क उपकेंद्र से रहीमनगर चौराहे तक हंगामा शुरु हो गया। पुलिस मौके पर पहुंची जिसने उपकेंद्र कर्मियों से बिजली चालू करने का कहा। कर्मियों ने ट्राली लगाने की बात कही, मगर वहां तक ले जाने का कोई साधन नहीं था। मजबूर होकर उपभोक्ता व पार्षद ने रात को उधर से गुजर रह रहे ट्रैक्टर को रोका और ट्राली खिंचवा कर ले गए। इसके बाद कर्मियों ने लगाने की प्रक्रिया शुरू की, तो सुबह चार बजे बिजली चालू हो सकी।
दस घंटे अंधेरे मे रहे लोग, रात तीन बजे चालू हुई बिजली
इक्का स्टैंड उपकेंद्र के पन्ना लाल रोड, गोकरननाथ चौराहा के आसपास के लोगों ने बताया कि मंगलवार शाम पांच बजे ट्रांसफार्मर दग गया, जिसकी सूचना तत्काल उपकेंद्र पर दी गई। मगर, समय से जेई-एसडीओ के द्वारा कार्रवाई न किए जाने के कारण आधी रात तीन बजे तक लोग बिजली की खातिर सड़क पर टहलते रहे। उपभोक्ताओं ने बताया कि जेई-एसडीओ यदि समय से ट्राली को लगवा देते तो रात नौ बजे तक बिजली चालू हो जाती, मगर नहीं किया, जब कि उपकेंद्र से महज 400 मीटर दूरी थी। उपभोक्ताओं ने बताया कि इक्का स्टैंड उपकेंद्र पर कर्मियों की मनमानी के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उधर, एसडीओ ने बताया कि ट्रांसफार्मर से एक फेज सप्लाई नहीं निकल रही थी जिसके कारण बिजी संकट उत्पन्न हुआ।