लखनऊ विश्वविद्यालय में प्रदर्शन करते छात्र।
लखनऊ। लखनऊ विवि में भाषा विज्ञान विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर माद्री ककोटी पर एफआईआर दर्ज करने के विरोध में संयुक्त छात्र मोर्चा ने प्रदर्शन किया। छात्रों ने प्रशासनिक भवन का घेराव कर एफआईआर रद्द करने की मांग की। छात्रों ने कहा, लोगों की आवाज दबाना अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला है।
प्रोफेसर की ओर से की गई टिप्पणी को पाकिस्तान के सोशल मीडिया अकाउंट से प्रसारित भी गया था। इस पर एबीवीपी ने आपत्ति जता विवि प्रशासन से कार्रवाई की मांग की थी। कुलसचिव ने प्रोफेसर को नोटिस जारी कर पांच दिन के अंदर लिखित स्पष्टीकरण मांगा। एबीवीपी की ओर से दी गई तहरीर पर सोमवार को प्रोफेसर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई।
कुलपति को सौंपा ज्ञापन
छात्रों ने कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय को ज्ञापन सौंपकर प्रोफेसर के खिलाफ जारी किया गया कारण बताओ नोटिस वापस लेने की मांग की है। ऐसा नहीं होने पर छात्रों ने बड़े स्तर पर आंदोलन करने की चेतावनी दी है। वहीं, एबीवीपी ने शिक्षिका की ओर से की गई टिप्पणी पर उनका पोस्टर विवि में चस्पाकर कर देश भर के लोगों से माफी मांगने के लिए कहा है। उधर, प्रोफेसर ने विवादित टिप्पणी और वीडियो के संदर्भ में सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर स्पष्टीकरण दिया। इसमें उन्होंने लिखा कि उनके की ओर से लिखा गया एक-एक शब्द देशहित में है।