लोकसभा चुनाव में भाजपा को कितनी सीटें मिल रही हैं? इस सवाल पर इंडी गठबंधन के नेताओं में ही मतभेद हैं। इंडी गठबंधन के साथियों को न तो अपने गठबंधन को मिलने वाली सीटों का एकमत अनुमान है और न ही भाजपा को मिलने वाली सीटों का। गठबंधन के अलग-अलग नेता भाजपा को मिलने वाली सीटों की संख्या अलग-अलग बता रहे हैं। यही नहीं, इंडी गठबंधन को मिलने वाली सीटों के दावे भी अलग-अलग हैं।
लोकसभा चुनाव में एक तरफ भाजपा 400 पार का दावा कर रही है। वहीं, दूसरी तरफ विपक्षी गठबंधन सीटों को लेकर एकराय नहीं है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव भाजपा गठबंधन को 143 सीटें दे रहे हैं तो उनके सहयोगी आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल 220 सीटों से ज्यादा न मिलने का दावा कर रहे हैं। वहीं, राहुल गांधी ने दावा किया है कि भाजपा केवल 150 सीटों पर सिमट जाएगी। राहुल के पक्ष में धुआंधार प्रचार कर रही प्रियंका गांधी कहती हैं कि इनके आंकलन के मुताबिक भाजपा इस बार 200 से ज्यादा सीटें नहीं जीत पाएगी।
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कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का कहना है कि भाजपा 200 सीटों के नीचे ही रहेगी। वहीं, कर्नाटक में मंत्री और मल्लिकार्जुन खड़गे के बेटे प्रियांक खड़गे ने दावा किया है कि भाजपा 200 सीटों पर सिमट जाएगी। अपनी दलीलों के बचाव में विपक्ष ये भी कह रहा है कि अगर ईवीएम में गड़बड़ी न हुई तो। पर यही बात लोगों के गले नहीं उतर रही।
दूसरी तरफ इंडी गठबंधन अपने पास आने वाली सीटों को लेकर भी भ्रमित है। गठबंधन के हर नेता के दावे अलग-अलग है। भाजपा चुनाव से पहले ही 400 पार के नारे के साथ मैदान में है और 370 सीटें अपने दम पर जीतने का दावा कर रही है। वहीं, इंडी गठबंधन के नेता 300 से लेकर 400 सीटों पर जीत की गणित अपने-अपने हिसाब से गिना रहे हैं।