पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के करीबी और जनता दल सेक्युलर (जेडीएस) के राष्ट्रीय महासचिव कुंवर दानिश अली शनिवार को बसपा में शामिल हो गए। कर्नाटक में कांग्रेस-जदयू गठबंधन सरकार बनने में दानिश की अहम भूमिका रही है। दानिश ने यहां बसपा सुप्रीमो मायावती से उनके आवास पर मुलाकात की।
इसके बाद बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्र ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई। दानिश अली ने यहां कहा कि वह जदूय में रहे लेकिन पूर्व प्रधानमंत्री देवगौड़ा से कुछ नहीं मांगा। जो जिम्मेदारी दी गई, उसे निभाया। यहां अब मायावती जो भी जिम्मेदारी देंगी वह निभाएंगे।
उन्होंने कहा कि जदयू का यूपी में बड़ा संगठन नहीं है। अपने सभी प्रयासों के बावजूद इसे अपनी जन्म भूमि व कर्मभूमि में नहीं उठा सके। जिस तरह से आज संविधान पर खतरा है, उसमें एक मजबूत नेतृत्व के साथ अपनी ऊर्जा का उपयोग करना आवश्यक है।
अमरोहा से प्रत्याशी हो सकते हैं दानिश
दानिश अली के बसपा में आने के बाद से इस बात की अटकल तेज हो गई है कि उन्हें अमरोहा से प्रत्याशी बनाया जा सकता है। हालांकि पार्टी की ओर से अभी इस संबंध में कुछ नहीं कहा गया है।