लखनऊ। बिजनौर क्षेत्र के अनौरा कला में बने अवैध मकान बृहस्पतिवार को सील करने पहुंची एलडीए की टीम को भारी विरोध का सामना करना पड़ा। कार्रवाई के दौरान मारपीट की नौबत आ गई। विरोध के बावजूद टीम ने कई मकानों को सील कर दिया।
जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी ने बताया कि प्रॉपर्टी डीलर राधेश्याम ओझा ने बिना नक्शा पास कराए अवैध तरीके से रो-हाउस बनाए हैं। इस पर एलडीए ने वर्ष 2022 में बिल्डर को नोटिस भी जारी किया था। इसके बाद भी वह मकान बनवा रहा था।
नोटिस के विरोध में बिल्डर ने मंडलायुक्त व प्रमुख सचिव के यहां पुनरीक्षण वाद दायर किया था। मामला लंबित होने का फायदा उठाकर प्रॉपर्टी डीलर ने 50 मकान बना दिए। जब नोटिस जारी हुआ था तब छह मकान बने थे।
जोनल अधिकारी ने बताया कि कार्रवाई के लिए पहुंची टीम को बिल्डर के लोगों ने घेर लिया। उनका साथ देने के लिए कुछ महिलाएं और यहां मकान खरीदने वाले आ गए। दस्ते के साथ गाली गलौज शुरू कर दी। नौबत हाथापाई तक पहुंच गई। एक व्यक्ति ने अधिकारी का कॉलर पकड़ने का प्रयास किया तो महिला जेसीबी चालक को मारने के लिए दौड़ी। इस कारण काफी देर तक हंगामा होता रहा।
उधर, कॉलोनी में रहने वालों का कहना था कि उन्हें नहीं पता था कि प्रॉपर्टी डीलर ने जो मकान बनाए हैं वे अवैध हैं। एलडीए को बिल्डर के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। खरीदारों के मकानों तोड़ना या सील करना उचित नहीं है। उधर, जोनल अधिकारी ने एलडीए वीसी से बात कर रिपोर्ट दे दी है। वीसी ने 10 दिनों में यहां अवैध तरीके से बने सभी मकान गिराने के आदेश दिए हैं।
20 मकानों में मजबूर को बसा दिया
एलडीए अधिकारियों ने बताया कि सर्वे में पता चला है कि यहां के 20 मकानों में प्रॉपर्टी डीलर ने अपने मजदूरों को बसा दिया है। ऐसा इसलिए किया, ताकि मकान सील न होने पाएं। इन मकानों को सील कर दिया गया है।
एलडीए ने खुदवा दी सड़क
जोनल अधिकारी देवांश ने बताया कि मामले की अपील लंबित होने से मकानों को अभी तोड़ा नहीं गया है। हालांकि, कॉलोनी तक जाने वाले मार्ग को जेसीबी से खुदवा दिया गया है। कॉलोनी में 20 मकान पूरी तरह से बन गए हैं, जिनमें कुछ लोग रह रहे हैं। इसके अलावा 20 मकानों का निर्माण पूरा हुआ है और दस का काम चल रहा है।