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किसान सम्मान निधि : कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने दिए निर्देश, नौ सितंबर तक करें भूलेख का डाटा अपलोड

Wed, 07 Sep 2022 09:05 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ

सार

कृषि मंत्री ने लोकभवन स्थित मीडिया सेंटर में बताया कि कानपुर नगर के ग्राम पलरा ढोढर विकासखंड बिधनू में 09 सितंबर को प्राकृतिक खेती, नमामि गंगे और परंपरागत जैविक खेती करने वाले प्रगतिशील कृषकों का एक दिवसीय कार्यशाला फील्ड भ्रमण तथा कृषि ड्रोन का प्रदर्शन आयोजित किया जाना है।
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कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि केलिए किसानों के सत्यापन का डाटा 09 सितंबर तक अपलोड कर दिया जाए। वह कम बारिश के चलते किसानों के सामने खड़ी हो रही समस्याओं का समाधान करने संबंधी तैयारियों की समीक्षा कर रहे थे। बाद में उन्होंने मीडियाकर्मियों से बात करते हुए कहा कि रबी बीजों की मिनीकिट, पीएम कुसुम योजनांतर्गत सोलर सिंचाई पंप तथा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में  ‘मेरा पालिसी मेरा हाथ’ अभियान के तहत पालिसी वितरण का शुभारंभ सीएम खुद करेंगे।

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कृषि मंत्री ने लोकभवन स्थित मीडिया सेंटर में बताया कि कानपुर नगर के ग्राम पलरा ढोढर विकासखंड बिधनू में 09 सितंबर को प्राकृतिक खेती, नमामि गंगे और परंपरागत जैविक खेती करने वाले प्रगतिशील कृषकों का एक दिवसीय कार्यशाला फील्ड भ्रमण तथा कृषि ड्रोन का प्रदर्शन आयोजित किया जाना है। कृषि विज्ञान केन्द्र को कृषि उत्पादन, उत्पादकता हेतु मॉडल केन्द्र बनाने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में प्रदेश के समस्त 89 कृषि विज्ञान केन्द्रों के वैज्ञानिकों, प्रभारियों के साथ दिनांक 10 से तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन सरदार बल्लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय मेरठ में किया जाना प्रस्तावित है। 

उन्होंने बताया कि कृषि विज्ञान केन्द्र बस्ती को डिजिटल इनोवेशन के लिए अच्छे केवीके के रूप में आईसीएआर द्वारा पुरस्कृत किया गया है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की बारहवीं किश्त शीघ्र ही अवमुक्त होनी है। इसके लिए ईकेवाईसी भू-लेख अंकन स्थलीय सत्यापन और पीएम किसान पोर्टल पर उनके डाटा अपलोड किया जा रहा है। इसमें कृषकों की संख्या 2.85 करोड़ है। अपात्र कृषकों की संख्या 0.21 करोड़ चिह्नित की गई है।
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कुल वास्तविक कृषकों की संख्या 2.65 करोड़ जबकि सत्यापित कृषकों की संख्या 1.71 करोड़ है। भू-लेख अंकित कृषकों की संख्या 1.62 करोड़,  पोर्टल पर अपलोड कृषकों की संख्या 1.51 करोड़ है।  ईकेवाईसी वाले किसानों की संख्या 1.70 करोड़ है। मंत्री ने बताया कि प्रदेश के कुल 96,459 राजस्व ग्रामों में सत्यापन का कार्य किया जाना है जिसमें से 80,005 गांवों में सत्यापन कार्य पूर्ण कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों को लेकर चिंतित है।

तीस साल का रिकार्ड टूटा
इस मौकेपर कृषि उत्पादन आयुक्त मनोज कुमार सिह एवं अपर मुख्य सचिव डा. देवेश चतुर्वेदी ने कहा कि बारिश कम होने से कार्ययोजनाएं तैयार की जा रही है। चित्रकूट को छोड़कर किसी भी जिले में सामान्य के सापेक्ष शत प्रतिशत बारिश नहीं हुई है। तीस साल में ऐसा पहली बार हुआ है जब जून, जुलाई, अगस्त माह में किसी भी जिले में सामान्य स्तर तक बारिश नहीं हुई है। मात्र नौ जिलों में 80 प्रतिशत से ऊपर बारिश हुई।

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