लखनऊ। खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग की ओर से आयोजित राज्य स्तरीय खादी एवं पीएमईजीपी प्रदर्शनी का सोमवार को समापन हो गया। गोमतीनगर के केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय में चल रही प्रदर्शनी में 12 दिनों में 101 स्टाॅलों से लगभग 85 लाख रुपये की बिक्री हुई। खादी में कॉटन, कटिया, मटका से बने उत्पाद एवं रेडीमेड कपड़ों के अतिरिक्त आंवला, शहद, लेदर, साबुन, अचार, मुरब्बा, जूट से बने उत्पाद की बिक्री बड़ी मात्रा में हुई।
समापन अवसर पर खादी और ग्रामोद्योग आयोग के राज्य निदेशक डॉ. नितेश धवन ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदर्शनी में थीम पवेलियन भी बनाया गया था। इसमें पुराने चरखों के अलावा ग्रामोद्योग उत्पाद पसंद किए गए। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में खादी फैशन शो, परंपरागत नृत्य, संगीत के साथ कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। बिक्री में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाली संस्थाओं में कानपुर स्वराज्य आश्रम, फतेहपुर ग्राम सेवा संस्थान रही। कामराज खादी आश्रम ग्रामोद्योगी संस्थाओं में स्फूर्ति जूट क्लस्टर, देवभूमि ग्रामोद्योग, रुड़की और कश्मीरी हैंडलूम, जम्मू-कश्मीर को भी सम्मानित किया गया।