चर्चित ज्योति मर्डर केस में मंगलवार को दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद जिला जज कोर्ट ने मनीषा की जमानत पर फैसला सुरक्षित रख लिया है।
बुधवार को कोर्ट फैसला दे सकती है। सुनवाई के दौरान ज्योति के पिता शंकर नागदेव भी कोर्ट में मौजूद रहे।
अभियोजन की तरफ से जिला शासकीय अधिवक्ता संतोष यादव और अन्य अधिवक्ताओं ने कहा कि ज्योति की हत्या के लिए बरांडा रेस्टोरेंट लाकर पीयूष ने तीसरा प्रयास किया था।
पीयूष ने बरांडा रेस्टोरेंट से मनीषा मखीजा को फोन कर कहा था कि आज काम सेटल हो गया है। मनीषा की शादी सागर से तय हुई थी।
सागर ने बयान दिया है कि मनीषा ने कहा था कि हाइट कम होने की बात कहकर शादी करने से इनकार कर देना। मनीषा और पीयूष के संबंध थे।
इसीलिए ज्योति को हटाने के लिए हत्या की गई। मनीषा पर हत्या की साजिश का गंभीर आरोप है। ऐसे में जमानत न दी जाए।