कनिका ने कहा- मैं यूके से मुंबई 10 मार्च को आई थी। अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर मेरी स्क्रीनिंग भी हुई थी। उस समय तक इस मामले पर कोई एडवाइजरी जारी नहीं हुई थी। एडवाइजरी 18 मार्च को जारी हुई थी। इसलिए मुझे क्वारंटीन में जाने की कोई जरूरत नहीं थी। मुझमें बीमारी का कोई लक्षण भी नहीं था, इसलिए भी मैंने खुद को क्वारंटीन नहीं किया। 11 मार्च को मैं अपने घर लखनऊ आई। घरेलू फ्लाइट में स्क्रीनिंग की कोई व्यवस्था नहीं थी। 14 और 15 मार्च को मैं दोस्तों और रिश्तेदारों की पार्टी और डिनर में शामिल हुई। इस दौरान मैंने खुद कोई पार्टी नहीं दी और मैं पूरी तरह से सामान्य थी।
17 और 18 मार्च को मुझे कोरोना के लक्षण महसूस हुए। 19 मार्च को मेरा टेस्ट हुआ और 20 को रिपोर्ट में मुझे पॉजिटिव बताया गया। इसके बाद मैं अस्पताल गई तथा तीन निगेटिव रिपोर्ट के बाद वहां से मुझे छुट्टी दी गई। तबसे मैं 21 दिन के क्वारंटीन के लिए घर पर ही हूं।
मैं विशेष रूप से डॉक्टर और नर्स को धन्यवाद देना चाहती हूं, जिन्होंने उस कड़े समय में मेरा ध्यान रखा। मुझे उम्मीद है कि इस मामले में सभी ईमानदारी और संवेदनशीलता बरतेंगे। किसी व्यक्ति पर नकारात्मकता डालने से वास्तविकता नहीं बदलती है।