केंद्र में भाजपा सरकार गठन के बाद शनिवार को पहली बार उद्योग मंत्री कलराज मिश्र अयोध्या पहुंचे।
उन्होंने रामलला व हनुमंत लला के दरबार में मत्था टेका और श्रीराम जन्मभूमि न्यास के कार्याध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास से मंत्रणा की।
मीडिया से बातचीत में कलराज ने प्रदेश की सपा सरकार को अक्षम बताते हुए प्रदेश के बजट पर सवाल खड़े किए।
कहा कि सूबे की सपा सरकार लैपटॉप वितरण, बेरोजगारी भत्ता, कन्या विद्याधन जैसी योजनाओं के क्रियान्वयन में अक्षम रही। इसके चलते प्रदेश सरकार ने इन योजनाओं को बंद कर दिया।
यूपीए सरकार है जिम्मेदार
कलराज मिश्रा ने प्रदेश सरकार निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। आम आदमी भय में जीने को मजबूर है।
केंद्र सरकार से रेल भाड़े में अप्रत्याशित वृद्धि करने पर कलराज ने कहा कि पूर्व की यूपीए सरकार की ओर से पैदा की गई जटिलताओं की वजह से केंद्रीय नेतृत्व ने यह निर्णय लिया है, शीघ्र ही इसका भी समाधान हो जाएगा।
पूर्वांचल क्षेत्र में औद्योगिक पिछड़ेपन को लेकर योजनाओं की बाबत पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि हाल ही में उन्हें यह मंत्रालय मिला है।
शीघ्र ही ऐसी योजनाएं बनाई जाएंगी, जिससे गरीबों, बेरोजगारों व आम लोगों को लाभ मिल सके। कुटीर व छोटे-बड़े उद्योगों को बढ़ावा देकर क्षेत्रीय आर्थिक विषमताओं को दूर करने की योजनाएं भविष्य में बनाई जाएंगी।
हिंदी पर क्या बोले कलराज?
केंद्र सरकार से हिंदी भाषा के पक्ष में जारी सर्कुलर पर उठ रहे विरोध के स्वर पर कहा कि हिंदी को पूरे देश में सर्वग्राही बनाए जाने की आवश्यकता है।
तमिल में सर्वाधिक लोग हिंदी सीखने के लिए आगे आ रहे हैं। कलराज शुक्रवार रात देवरिया से सड़क मार्ग से सर्किट हाउस पहुंचे थे।
सुबह आठ बजे रामलला व हनुमंत लला के दर्शन-पूजन करने के बाद श्रीराम जन्मभूमि न्यास के कार्याध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास से आशीर्वाद लिया। उन्होंने महंत नृत्यगोपाल दास से लगभग आधे घंटे तक मंत्रणा भी की।
इस दौरान उनके साथ सांसद लल्लू सिंह, हरिओम पांडेय, प्रदेश प्रवक्ता विजय बहादुर पाठक, विधायक रामचंद्र यादव, अवधेश पांडेय, पुजारी रमेश दास आदि मौजूद रहे।