इरफान के साथ विनोद मिश्रा।
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कलाकार एसोसिएशन के सचिव रंगकर्मी विनोद मिश्रा ने बताया मुंबई आने-जाने के दौरान उनसे कई बार मुलाकात हुई। लखनऊ में शूटिंग को लेकर जब भी चर्चा होती वह हमेशा साथी कलाकार दधि पांडे, रवि गौतम के साथ काफी उत्सुकता दिखाते।
उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी के सचिव तरुण राज ने बताया 80 के दशक में जब मैंने नाटक की दुनिया का रुख किया तो दिल्ली में इरफान से मुलाकातें हुई। थिएटर की बारीक बातें तब भी वे हम लोगों से शेयर किया करते। जब मंडी हाउस में हम लोग चाय की दुकान पर चुस्कियां लिया करते थे।
इरफान के साथ फिल्म हासिल में काम कर चुके लेखक अभिनेता ज्ञानेश कमल ने बताया कि इस फिल्म से इरफान बॉलीवुड में जा रहे थे, तिग्मांशू निर्देशक बन रहे थे और मेरी शुरुआत हो रही थी। इरफान में अभिनय के दौरान जो ऊर्जा थी उसका अंदाजा नहीं लगाया जा सकता है। उनकी देखा देखी सारा ग्रुप जोश से लबरेज होकर काम करता रहता।