माया और अखिलेश की छत्रछाया में चांदी काटते रहे यादव सिंह के ठिकानों पर आयकर छापे में बेशुमार दौलत मिली। बताते चलें कि यूपी सरकार का ये सरकारी दामाद 90 लाख की ऑ़डी में घूमता था।
36 घंटे तक चली छापेमारी के बाद जब आयकर विभाग ने यादव सिंह की संपत्ति का आंकलन किया तो विभाग के अफसरों का भी सिर चकरा गया। यहां तक कि जब यादव सिंह की पत्नी से हिसाब-किताब पूछा गया तो वह भी दांयें-बांयें देखने लगीं।
यादव की पत्नी कुसुमलता की कंपनी मीनू क्रिएशन में 12.5 करोड़ के कीमती गारमेंट्स का स्टाक पाया गया। कुसुमलता इसके निवेश का स्रोत नहीं बता सकीं।
इसी कंपनी के दूसरे डायरेक्टर अनिल पेशावरी के नोएडा स्थित आवास की जांच में 40 लाख रुपए कैश मिले। वे भी नहीं बता पाए कि इतनी बड़ी रकम कहां से आई।
गहनों को ऐसे सजाया था मानो शोरूम हो
यादव सिंह के ठिकानों पर आयकर छापे में 10.52 करोड़ रुपये नकद व करोड़ों रुपये के हीरों के गहने मिले हैं। यादव के नोएडा स्थित कोठी में हीरे, सोने और महंगे रत्नों वाले गहनों को शो-रूम की तरह सजाकर रखा गया था। आयकर विभाग के अफसरों ने गहनों को जब्त कर लिया है।
इन गहनों का वजन दो किलो है। इनकी सही कीमत का आंकलन जौहरी से कराया जाएगा। अपुष्ट सूत्रों के मुताबिक छापे में तीन किलो गहने बरामद हुए। इनमें एक किलो सोने और दो किलो हीरे के गहने हैं।
आयकर महानिदेशक (जांच) कृष्णा सैनी ने शुक्रवार को बताया कि जब्त गहनों में सोने के कम, हीरे के अधिक हैं। यादव और उसकी पत्नी कुसुम लता से पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि बिजनेस करने के लिए गहनों में करोड़ों का निवेश किया गया था।
यादव ने ये गहने कहां से खरीदे, इसकी भी छानबीन की जाएगी। आयकर महानिदेशक ने बताया कि यादव की कोठी से 12 लाख कैश भी मिला। यादव इसका स्रोत नहीं बता सका।
कार की डिग्गी में बोरों में मिले 10 करोड़
रियल एस्टेट की मैकॉन कंपनी के डायरेक्टर राजेंद्र मनोचा की एसयूवी (कार) की डिग्गी में दो बोरे मिले।
इन बोरों को खोला गया तो एक-एक हजार रुपये के नोटों के बंडल मिले जो पूरे दस करोड़ रुपये थे। इन्हें जब्त करने के बाद आयकर विभाग के पर्सनल अकाउंट में जमा करा दिया गया।
मैकॉन के डायरेक्टर राजेंद्र मनोचा ने आयकर पूछताछ में 37.5 करोड़ रुपये की ब्लैक मनी स्वीकार की है। वहीं, मीनू क्रिएशन के दूसरे डायरेक्टर अनिल पेशावरी ने 12.5 करोड़ रुपये की ब्लैक मनी स्वीकारी है।
इस राशि पर 30 फीसदी इनकम टैक्स के साथ पेनाल्टी भी देनी होगी। घोटाले और आयकर चोरी के दस्तावेज आधा दर्जन सूटकेसों में जब्त किए गए हैं। बृहस्पतिवार को जो लाकर्स सील किए गए थे उन्हें बाद में खोला जाएगा।
फंसेंगे कमीशन लेने वाले अफसर
आयकर विभाग ने नोएडा अथॉरिटी के बड़े ओहदों पर तैनात रह चुके अफसरों का विवरण जुटाना शुरू कर दिया है।
आयकर टीम ने शुक्रवार को अथॉरिटी को पत्र देकर पूछा कि यादव की पत्नी कुसुमलता के नेतृत्व वाली 40 कंपनियों को कुल कितने भूखंड आवंटित किए गए। उनकी कुल कीमत कितनी है।
विभाग ने प्रत्येक भूखंड की कीमत का विवरण अलग-अलग देने को कहा है। अथॉरिटी की इस सूचना से भूखंड आवंटन में कमीशन लेने वाले और कंपनी सहित भूखंड खरीद कर मोटी कमाई करने वाले बिल्डर्स फंसेंगे।
आयकर विभाग के छापे के बाद तीनों प्राधिकरण के प्रमुख अभियंता यादव सिंह को पद से हटा दिया गया है। फिलहाल, उन्हें कार्मिक विभाग से संबद्ध कर दिया गया है।
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। शुक्रवार को प्राधिकरण के चेयरमैन रमा रमण की तरफ से यादव सिंह को हटाने का कार्यालय आदेश जारी हो गया है। हालांकि, इस पद पर अभी तक किसी ओर की तैनाती नहीं की गई है।