उच्च शिक्षा में जाने और शोध करने के उद्देश्य से आईआईटी कानपुर के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के चार विद्यार्थियों ने सालाना एक करोड़ रुपये से ज्यादा का वेतन पैकेज ठुकरा दिया है। यह वेतन पैकेज सैमसंग कोरिया ने दिया था।
दूसरी तरफ इंफोसिस में चयनित होने के बाद तीन विद्यार्थियों ने सालाना 21-21 लाख रुपये का वेतन पैकेज की नौकरी छोड़ दी है। यह पहला मौका है, जब आईआईटियंस ने इतने बड़े वेतन पैकेज की नौकरी छोड़ी है।
आईआईटी कानपुर के परिसर चयन के चौथे दिन यानी बृहस्पतिवार तक 550 विद्यार्थियों का चयन हो गया है। अमेरिका की सॉफ्टवेयर कंपनी ओरेकल ने आईआईटी के छात्र को एक करोड़ रुपये से ज्यादा का सैलरी पैकेज दिया है। फ्लिपकार्ट ने 20 विद्यार्थियों को अपने साथ काम करने का मौका दिया है।
इन सभी को सालाना 91.50 लाख रुपये का वेतन पैकेज ऑफर किया है। एक्सल सर्विसेज ने 38 विद्यार्थियो को जॉब देकर उन्हें सालाना 55 लाख रुपये वेतन दिए हैं।
कैंपस प्लेसमेंट के लिए पहुंची 250 कंपनियां
आईआईटी प्रशासन के मुताबिक परिसर चयन और वेतन पैकेज में इस बार जबरदस्त बढ़ोत्तरी हुई है। यह पहला मौका है, जब देश, विदेश की 250 कंपनियां परिसर में चयन करने पहुंची है। 1 से 4 दिसंबर के बीच करीब 100 कंपनियों ने लिखित परीक्षा ग्रुप डिस्कशन (जीडी) और व्यक्तिगत साक्षात्कार (पीआई) कराया और 550 से ज्यादा विद्यार्थियों का परिसर चयन कर लिया है।
चार स्टूडेंट्स (तीन छात्र और एक छात्रा) को सैमसंग कोरिया ने सालाना एक करोड़ रुपये से ज्यादा का सैलरी पैकेज प्रस्ताव दिया था लेकिन इन सभी ने जॉब करने से इंकार कर दिया। बीटेक करने वाले इन विद्यार्थियों ने कहा कि विदेशी विश्वविद्यालयों से पीएचडी करेंगे, फिर रोजगार या शोध करने की सोचेंगे। आईआईटी प्रशासन ने इन विद्यार्थियों का नाम सार्वजनिक किए जाने से इंकार किया है। प्रशासन का दावा है कि नाम के खुलासे से विद्यार्थियों को दिक्कत हो सकती है।
आईआईटी के सूत्रों ने बताया कि इंफोसिस ने आईआईटी के 8 विद्यार्थियों का परिसर चयन किया था। इन सभी को सालाना 21-21 लाख रुपये का वेतन पैकेज दिया था। चयन के बाद तीन विद्यार्थियों ने जॉब करने से इंकार कर दिया है। ओरेकल, गूगल, टॉवर रिसर्च, माइक्रोसॉफ्ट, सैमसंग इंडिया, लिंकडिन, स्लमबर्जर, लॉयल्टी रिवार्ड्स और एक्सल सर्विसेज सहित तमाम नामी गिरामी कंपनियो ने भी आईआईटियंस को जॉब दी है।