लखनऊ। जिन अपार्टमेंटों में रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्लूए) का गठन नहीं हुआ है, वहां एलडीए मेंटेनेंस शुल्क वसूलेगा। आरडब्लूए का गठन होने के बाद बचा पैसा उसे वापस कर दिया जाएगा। इसे लेकर पूर्व के आदेश में आंशिक संशोधन कर वीसी प्रथमेश कुमार ने इसे शुक्रवार को जारी कर दिया।
इसके मुताबिक जिन अपार्टमेंटों में आरडब्लूए का गठन नहीं हुआ है, वहां रजिस्ट्री होने तक एलडीए ही मेंटेनेंस के काम कराएगा। इसका शुल्क वसूलने के लिए अधिशासी अभियंता की अध्यक्षता में समिति बनाई गई है। जिनकी रजिस्ट्री होगी, उनसे अगले एक वर्ष का अतिरिक्त मेंटेनेंस शुल्क लिया जाएगा। इस दौरान आरडब्लूए का गठन होने पर प्राधिकरण बची अवधि का मेंटेनेस शुल्क समिति को देगा।
जिन अपार्टमेंटों में आरडब्लूए का गठन हो चुका है, पर कई फ्लैट नहीं बिके हैं उनके आवंटन के बाद निबंधन के समय अनुरक्षण शुल्क आवंटी से लिया जाएगा। आरडब्लूए के गठन की तिथि से आवंटन की तिथि तक आवंटी से लिया शुल्क आरडब्लूए के खाते में भेजा जाएगा। रजिस्ट्री के लिए दो दिन में आर डब्ल्यूए से एनओसी लेनी होगी। कई अपार्टमेंटों में अनुरक्षण की जरूरत है। यहां अनुरक्षण शुल्क या कार्पस फंड के ब्याज को भी खर्च किया जा सकेगा। जिन अपार्टमेंटों के आवंटियों ने निबंधन नहीं कराया है, उन फ्लैटों का अनुरक्षण शुल्क भी नियमानुसार वसूला जाएगा।
आठ हजार फ्लैटों में नहीं है आरडब्लूए
स्ववित्त पोषित योजना में एलडीए ने गोमतीनगर विस्तार, कानपुर रोड, शारदा नगर और जानकीपुरम विस्तार सहित जिन योजनाओं में बहुमंजिला अपार्टमेंट बनाए हैं वहां पर आरडब्लूए का गठन हो गया है। जी प्लस थ्री योजना के कम कीमत वाले सुलभ आवास अपार्टमेंटों में आरडब्लूए का गठन नहीं हुआ है। यहां एलडीए को मेंटेनेंस कराना पड़ रहा है और उसे शुल्क भी नहीं मिल रहा है, जबकि फ्लैटों की रजिस्ट्री कई साल पहले हो चुकी है। गोमतीनगर विस्तार, जानकीपुरम विस्तार, कानपुर रोड योजना सहित एलडीए की अन्य योजनाओं में ऐसे करीब 8000 फ्लैट हैं। इनमें से करीब 3200 फ्लैट गोमतीनगर विस्तार में हैं।