फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आईएएस अफसर की मौत का मामलाः सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट को चुनौती पर फैसला सुरक्षित

Sat, 15 Aug 2020 02:23 AM IST
Jeet Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
आईएएस अनुराग तिवारी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

आईएएस अधिकारी अनुराग तिवारी की मृत्यु के मामले में सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई के बाद सीबीआई के विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट ने 27 अगस्त के लिए फैसला सुरक्षित रख लिया।

विज्ञापन


कर्नाटक काडर के आईएएस अनुराग तिवारी की लखनऊ में मीरा मार्ग स्थित गेस्टहाउस के बाहर रहस्यमयी परिस्थितियों में मृत्यु हो गई थी। इस मामले में अनुराग के भाई मयंक तिवारी ने हजरतगंज थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी जिसकी विवेचना बाद में सीबीआई को सौंप दी गई।

सीबीआई ने विवेचना के बाद क्लोजर रिपोर्ट लगाते हुए अनुराग की मौत में किसी साजिश से इनकार कर दिया था। उसका कहना था कि आईएएस अधिकारी द्वारा किसी बड़े घोटाले का पर्दाफाश करने या उनके आला अफसरों से मृत्यु का भय होने के आरोपों की मौखिक, लिखित तथा तकनीकी साक्ष्यों से पुष्टि नहीं हो सकी।
विज्ञापन


मयंक तिवारी ने क्लोजर रिपोर्ट को चुनौती देते हुए कहा था कि विवेचक ने पूर्वाग्रहपूर्ण दृष्टिकोण से अनुराग तिवारी की हत्या को दुर्घटना बताने के उद्देश्य से विवेचना की।

उसने कई तथ्यों एवं साक्ष्यों को दरकिनार किया, कई महत्वपूर्ण फोरेंसिक साक्ष्यों को छोड़ दिया एवं पोस्टमार्टम रिपोर्ट की जान-बूझकर गलत व्याख्या की। मयंक ने सीबीआई की क्लोजर रिपोर्ट को खारिज करते हुए एसपी रैंक के अधिकारी से विवेचना करवाए जाने की मांग की है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें