पापुलर फ्रंट आफ इंडिया (पीएफआई) पर पाबंदी के लिए डीजीपी की सिफारिश को गृह विभाग ने केंद्र सरकार को भेज दिया है। प्रदेश सरकार के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि ऐसे संगठन जो देश को विघटित करने का काम कर रहे हैं, उन पर पाबंदी लगनी ही चाहिए।
उन्होंने कहा कि पीएफआई में बड़ी संख्या में सिमी के लोगों के शामिल होने के सुबूत मिले हैं। जिसके आधार पर प्रदेश में पीएफआई पर पाबंदी लगाने की कार्रवाई की जा रही है। अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी ने बताया कि इस संबंध में डीजीपी मुख्यालय से जो पत्र प्राप्त हुआ था, उसे कार्रवाई के लिए केंद्र सरकार को भेजा गया है।
गौरतलब है कि डीजीपी ओम प्रकाश सिंह ने सोमवार को पीएफआई पर पाबंदी लगाने की सिफारिश का पत्र गृह विभाग को भेजा था। क्योंकि पीएफआई के सदस्य कई राज्यों में सक्रिय हैं इस प्रतिबंध का निर्णय केंद्र सरकार करेगी।
इसी लिए डीजीपी की सिफारिश को केंद्र सरकार को भेजा गया है। डीजीपी मुख्यालय के एक अधिकारी ने बताया कि प्रदेश के कई जिलों में नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में हुई हिंसा में पीएफआई के सदस्यों के सक्रिय होने के सुबूत मिले थे। लखनऊ और शामली में कुल 22 सदस्यों को गिरफ्तार भी किया गया था।