परिवहन निगम की कौन सी बस कब कहां आएगी और कब जाएगी? लखनऊ से वॉल्वो में
दिल्ली तक सफर करने पर कितना किराया चुकाना होगा?
यात्रियों को ऐसे हर सवाल
के जवाब ‘149 नंबर’ पर मिलेंगे। यह ‘149 नंबर’ रेलवे के 139 नंबर की तर्ज
पर कार्य करेगा। उम्मीद है कि यात्रियों को जून से ‘149 नंबर’ डायल करने की
सुविधा हासिल हो जाएगी।
निगम का इंटेलीजेंस
ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम ‘इंटर एक्टिव वाइस रिस्पांस सिस्टम’ के जरिए
यात्रियों को ‘149 नंबर’ पर सूचनाएं प्रदान करने की तैयारी में जुटा है।
यात्रियों को इस नंबर पर किस बस अड्डे से कौन सी बस किस शहर को कितने वक्त
जाएगी? किस साधारण बस और वॉल्वो में कितनी सीटें खाली हैं?
यात्री को
गंतव्य तक सफर करने पर कितना किराया देना होगा? सीनियर सिटीजन को एमएसटी
बनवाने पर किराए में कितने फीसदी की छूट मिलेगी, जैसे सवालों के जवाब
मिलेंगे।
‘149 नंबर’ के चालू होने पर यात्री घर बैठे ही बस सफर संबंधी
सूचनाएं हासिल कर सकेंगे। निगम ने ‘149 नंबर’ को आवंटित करने के लिए जनवरी
में दूरसंचार मंत्रालय में आवेदन किया था।
इस नंबर के आवंटन में देर होने
के कारण सोेमवार को प्रबंध निदेशक मुकेश कुमार मेश्राम ने दूरसंचार
मंत्रालय में ‘149 नंबर’ आवंटित होने की पैरवी की।
ऐसे मिलेगी सुविधायात्रियों
को 149 नंबर डायल करना होगा। काल कनेक्ट होते ही इंटर एक्टिव वाइस
रिस्पांस सिस्टम के जरिए यात्री को सबसे पहले हिंदी या अंग्रेजी में सवाल
करने के लिए संबंधित नंबर दबाना होगा।
इसके बाद अपने सवाल के आधार पर नंबर
को दबाकर जवाब हासिल कर सकेंगे। यात्री चाहे तो काल को डिसकनेक्ट किए बिना 9
नंबर दबाकर सीधे निगम की हेल्पलाइन से जुड़कर सुझाव एवं शिकायतें भी दर्ज
करा सकेगा।