परिवहन मंत्रालय का मानना है कि ज्यादा जुर्माना की वजह से लोग ट्रैफिक नियमों का पालन पहले के मुकाबले ज्यादा करेंगे। इससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी आने की उम्मीद है। इसके लिए अभियान चलाकर नियमों को तोड़ने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। प्रदेश में वाहनों का जांच अभियान दो सितंबर से चलेगा।
हेलमेट न लगाने के चालान बढ़े, सीट-बेल्ट के घटे
लखनऊ के सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) संजीव गुप्ता ने बताया कि जुलाई-अगस्त में राजधानी में बिना हेलमेट वाहन चलाने वाले 4353 लोग पकड़े गए हैं। जुलाई में बिना हेलमेट के 1951 और अगस्त में 2402 लोगों का चालान हुआ। वहीं, जुलाई में बिना सीट बेल्ट 982 लोगों का और अगस्त में 752 लोगों का चालान किया गया है।
इस पर अपर आयुक्त (राजस्व), परिवहन विभाग अरविंद कुमार पांडेय का कहना है कि केंद्र सरकार ने मोटर यान संशोधन अधिनियम की अधिसूचना जारी कर दी है। यूपी में अधिसूचना स्वत: लागू हो जाएगी। इससे यूपी सहित पूरे देश में ट्रैफिक नियम तोड़ने पर अब लोगों को नई दर के हिसाब से जुर्माना भरना होगा।
उल्लंघन की श्रेणी--जुर्माना पहले--अब
हेलमेट न लगाना--500--1000
ड्राइविंग के समय मोबाइल पर बातचीत--1000--5000
डीएल न होने पर--500--5000
परमिट बगैर ड्राइविंग--5000--10,000
शराब पीकर वाहन चलाने पर--2000--10,000
निरस्त डीएल लेकर चलने पर--500--10,000