लखनऊ। मशहूर गायक हंसराज रघुवंशी ने महादेव के गाने सुनाकर श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया। लखनवी कथक में मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम व माता सीता के मिलन को ऐसे शानदार ढंग से पिरोया गया कि इसकी छवि दर्शकों के दिलों में अंकित हो गई। बांसुरी, तबले व वायलिन की धुनों की जुगलबंदी ने भी समां बांध दिया। सांस्कृतिक मंच पर एक ओर कथक, भजनों, नृत्य की प्रस्तुति हो रही थी तो दूसरी ओर ड्रोन शो के जरिये बदलते उत्तर प्रदेश की कहानी आसमान पर लिख दी गई।
वृंदावन कॉलोनी में शुक्रवार से ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का शुभारंभ हुआ। पहले दिन उत्तर प्रदेश में निवेश के अवसरों पर मंथन के बाद शाम को महर्षि वाल्मीकि हॉल में सांस्कृतिक संध्या सजाई गई। इसमें दर्शकों का हुजूम देखने लायक था। बड़ी संख्या में देशी-विदेशी मेहमान व दर्शकों के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह सहित तमाम मंत्री उपस्थित रहे।
शिव के गीतों व भजनों से लोकप्रिय हुए गायक हंसराज रघुवंशी जैसे ही मंच पर पहुंचे, दर्शकों का जोश दोगुना हो गया। उन्होंने आते ही हर हर महादेव शंकर महाराज...कहा तो दर्शकों ने हर-हर महादेव व जय श्रीराम के जयकारे लगा दिए। इसके बाद हंसराज ने मेरा भोला है भंडारी...सुनाया तो दर्शकों ने उनके साथ गायकी की। उन्होंने ऐसा डमरू बजाया भोलेनाथ ने..., जय शिवशंकर, ओम नम: शिवाय..., सर से तेरे बहती गंगा... जैसे गाने सुनाकर माहौल को भक्तिमय बना दिया। इससे पूर्व सांस्कृतिक कार्यक्रमों का कारवां वाद्ययंत्रों की जुगलबंदी से शुरू हुई। बांसुरी व तबले की जुगलबंदी ने दर्शकों को बांधे रखा। इसके बाद बांसुरी व वायलिन की जुगलबंदी पेश की गई।
अंत में जब वाद्ययंत्रों की धुनों पर जब रघुपति राघव राजा राम..., राम सियाराम, सियाराम जय जय राम..., ठुमक चलत रामचंद्र बजत पैजनियां...की प्रस्तुति दी गई तो दर्शक वाहवाह कर उठे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व गृहमंत्री अमित शाह ने प्रस्तुतियों को सराहा। मशहूर बांसुरी वादक राकेश चौरसिया, वायलिन कुमारेश राजगोपालन, तबला सत्यजीत तलवार, घाटम उल्लुर गिरिधर उड़प्पा, ड्रम गिनो राहुल बक्स, तालवादक प्रमाथ किरन, कीबोर्ड वरुण प्रदीप व गिटारिस्ट ब्रुथुवा भूषप कालेब ने वाद्यवृंद की पेशकश को यादगार बना दिया।
कथक में पिराई सीता स्वयंवर की कहानी
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के कारवां में अगली प्रस्तुति लखनवी कथक की रही। आकांक्षा श्रीवास्तव के निर्देशन में कथक नृत्य की प्रस्तुति में मर्यादापुरुषोत्तम राम व माता सीता के मिलन की कहानी को मोहक ढंग से पेश किया गया। दर्शकों ने कथक के जरिये सीता स्वयंवर की कहानी को बहुत पसंद किया। मंच पर राम का किरदार अतुल, सीता का सीजा, दशरथ का विकास, कौशल्या का हंसिका व लक्ष्मण का प्रखर ने निभाया।
कृष्ण ने खेली फूलों की होली
सांस्कृतिक मंच पर अंतिम प्रस्तुति फूलों की होली की हुई। मथुरा की कलाकार वंदना व उनकी टीम ने दिलचस्प प्रस्तुति से दर्शकों की तालियां बटोरीं। आज ब्रज में होरी रे रसिया... सहित कई गीतों पर नृत्य प्रस्तुत किया गया। संयोजक दीपक शर्मा ने बताया कि ब्रज की संस्कृति को विश्वपटल पर लाने का प्रयास जारी है।
लोकनृत्यों से निवेशक आकर्षित
इन्वेस्टर्स समिट के परिसर में भी लोकनृत्यों की प्रस्तुतियां होती रहीं जो निवेशकों व दर्शकों को आकर्षित करती नजर आईं। कैफेटेरिया के पास खजान सिंह की टीम ने बमरसिया, राधा प्रजापति ने राईलोकनृत्य, भारत भूषण शर्मा ने मयूर नृत्य, माता प्रसाद वर्मा एवं दल ने फरुवाही नृत्य व पूर्णिमा एंड टीम ने ढेढ़िया लोकनृत्य से उत्तर प्रदेश की समृद्ध संस्कृति का प्रदर्शन किया।
12 मिनट के शो में दिखी विकास की गाथा
वाद्ययंत्रों की जुगलबंदी व हंसराज रघुवंशी के शिव भजनों के बाद ड्रोन शो हुआ, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में निवेशक व दर्शक उपस्थित रहे। 600 ड्रोन के जरिये आसमान पर अध्यात्म से लेकर यूपी के विकास की कहानी छा गई। ड्रोन से निकलीं रंगबिरंगी रोशनियों ने सबसे पहले प्रभु श्रीराम व राममंदिर की थ्री डी आकृति आसमान पर बनाई, जिस पर दर्शकों ने तालियां बजाईं। इसके बाद आजादी के अमृत महोत्सव व प्रदेश में विकास को लेकर हो रहे कार्यों को पेश किया। करीब 12 मिनट तक चले इस शो ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
आज सूफी गायन से गुलजार होगा मंच
इन्वेस्टर्स समिट के दूसरे दिन सांस्कृतिक मंच पर लखनऊ की श्वेता वर्मा कथक नृत्य के जरिये रुद्रावतार की प्रस्तुति देंगी। राधा प्रजापति राईनृत्य, निधि श्रीवास्तव रघुवीरा नृत्य नाटिका, डॉ. रश्मि शास्त्रीय गायन में राग मधुवंती तथा रागधानी बैंड की ओर से सूफी गायन पेश किया जाएगा।