बच्चों को संयुक्त परिवार और दादा-दादी व नाना-नानी के महत्व को बताने के लिए मंगलवार को केंद्रीय विद्यालय सीआरपीएफ बिजनौर लखनऊ में 'ग्रांड पैरेंट्स डे' का आयोजन किया गया। जिसमें बच्चों ने अपने दादा-दादी व नाना-नानी की उपस्थिति में एक से बढ़कर एक मनमोहक प्रस्तुतियां दी।
बच्चों ने स्वागत गीत, एकल नृत्य, समूह गान व समूह नृत्य प्रस्तुत किए। बच्चों की प्रस्तुति के साथ ही दादा-दादी व नाना-नानी के आशीर्वाद कार्यक्रम रहे। कार्यक्रम का संयोजन कपिल देव तिवारी ने किया। प्राचार्य मनोज वर्मा ने बच्चों को ग्रांड पैरेंट्स का महत्व विस्तार से बताया। कार्यक्रम में मौजूद दादा-दादी व नाना-नानी भी बच्चों की प्रस्तुतियों से अभिभूत नजर आए और उनका उत्साहवर्द्घन किया।
इसके अलावा, केंद्रीय विद्यालय संगठन के लखनऊ संभाग द्वारा सोमवार को संभागीय प्रोत्साहन पुरस्कार समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय विद्यालय संगठन के आयुक्त संतोष कुमार मल्ल बतौर मुख्य अतिथि शामिल रहे। कार्यक्रम में गोमतीनगर केंद्रीय विद्यालय के प्राचार्य चंद्रभूषण प्रकाश वर्मा, केंद्रीय विद्यालय आईआईटी कानपुर के प्राचार्य आरएन वडालकर, केंद्रीय विद्यालय आरडीएसओ के प्राचार्य संजय कुमार, केवी रक्षाविहार के प्राचार्य धरम प्रकाश और केवी ओईएफ के प्रचार्य राजगुरु सिंह को संभागीय प्रोत्साहन पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में 17 शिक्षकों व शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को प्रोत्साहन पुरस्कार दिए गए। इस दौरान केवी सीआरपीएफ लखनऊ, केवी आईआईटी कानपुर, केवी माती अकबरपुर और केवी दिबियापुर के प्रचार्यों ने सत्र 2018-19 में बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम के लिए पुरस्कार प्राप्त किए। केंद्रीय विद्यालय संगठन भारत स्काउट एंड गाइड मंडलीय 'मेडल ऑफ मेरिट' पुरस्कार 2019 केवी आरडीएसओ की समता श्रीवास्तव व केवी लखनऊ कैंट के अजय कुमार को प्रदान किया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि ने केवी के विद्यार्थियों और शिक्षकों के प्रयास की सराहना की और कहा कि केवी संगठन देश में स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में एक मानक का काम करता है।
उन्होंने कहा कि स्कूल वह जगह है जहां कोई भी बच्चा परिवार के बाद सबसे ज्यादा समय बिताता है। ऐसे में एक शिक्षक ही है जो उन्हें जिंदगी की राह दिखाता है। वह उन्हें एक अच्छा इंसान और देश का नागरिक बनाता है। इसके साथ ही उन्होंने केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा चलाए जा रहे प्रमुख कार्यक्रमों जैसे- एक भारत श्रेष्ठ भारत, प्रकृति, जिज्ञासा आदि के संदर्भ में किए जा रहे प्रयासों और उपलब्धियों से अवगत कराया।