राजकीय शिक्षिका दीप्ति को मिला इंडियाज बेस्ट टीचर्स अवॉर्ड।
सम्मान मिलने के बाद अमर उजाला से बातचीत में दीप्ति विश्वकर्मा ने ये सम्मान मुझे छात्रों के भविष्य को संवारने और शिक्षा के क्षेत्र में और अधिक निष्ठा व लगन से काम करने की प्रेरणा देगा।
लखनऊ। शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान और नवाचारी शिक्षण पद्धति के लिए राजकीय शिक्षिका दीप्ति विश्वकर्मा को राष्ट्रीय स्तर पर इंडियाज बेस्ट टीचर्स अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। देशभर के 80 सर्वश्रेष्ठ शिक्षकों में चयनित होने पर उन्हें यह सम्मान मिला। शिव नादर यूनिवर्सिटी में आयोजित समारोह में दीप्ति को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। वह राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) सरोसा भरोसा में जीव विज्ञान की प्रवक्ता हैं।
दीप्ति ने बताया कि उनकी शिक्षण पद्धति में विद्यार्थी पहले स्व-अवलोकन करते हैं। इसके बाद कक्षा में ही चार्ट और मॉडल तैयार करते हैं। विद्यार्थियों के समूह बनाकर विषय पर चर्चा कराई जाती है। हर बच्चे को उसकी रुचि के अनुसार जिम्मेदारी दी जाती है। चित्र बनाने में रुचि रखने वाले विद्यार्थी चार्ट तैयार करते हैं, जबकि बोलने में रुचि रखने वाले प्रस्तुति देते हैं। इससे सभी विद्यार्थी प्रोजेक्ट में सक्रिय रूप से शामिल होते हैं और पढ़ाई में उनकी रुचि बनी रहती है।
दीप्ति ने कहा कि यह सम्मान उन्हें विद्यार्थियों के भविष्य को संवारने के लिए और अधिक निष्ठा व लगन से काम करने की प्रेरणा देगा।
संयुक्त शिक्षा निदेशक डॉ. प्रदीप कुमार सिंह का कहना है कि राजकीय कॉलेजों के लिए ये गर्व की बात है। इससे पूरे मंडल में राजकीय शिक्षकों का सम्मान बढ़ा है।