लखनऊ। उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड एक्सपो (यूपीआईटीईएक्स) 2025 का बृहस्पतिवार को शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम का आयोजन यूपी स्टेट चैप्टर पीएचडीसीसीआई की ओर से मिनिस्ट्री ऑफ एमएसएमई, गवर्नमेंट ऑफ इंडिया, इन्वेस्ट यूपी और ओडीओपी के सहयोग से इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में हो रहा है। यह 23 से 27 जनवरी तक चलेगा।
इसमें प्रदेश व देश के विभिन्न व्यापारियों ने लगभग 300 से ज्यादा स्टॉल लगाए हैं। इसका उद्घाटन प्रदेश के कैबिनेट मंत्री राकेश सचान ने किया। उन्होंने पीएचडीसीसीआई को 120 वर्ष पूरे करने पर बधाई दी। कहा, उद्यमियों को आगे बढ़ाने के लिए यह अच्छा प्लेटफार्म है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रदेश में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। इसका सबसे बड़ा उदाहरण पूर्वांचल, बुंदेलखंड और गंगा एक्सप्रेसवे हैं।
सेवानिवृत्त आईएएस और मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश कुमार अवस्थी ने कहा, वर्तमान में सरकार प्रदेश के उद्यमियों को सशक्त बनाने के लिए प्रयासरत है। एमएसएमई और निर्यात संवर्धन विभाग के सचिव प्रांजल यादव ने कहा, इस तरह के एक्सपो से उद्यमियों को मार्केट मिलता है।
पीएचडीसीसीआई के सीईओ और महासचिव, डॉ रंजीत मेहता ने कहा, पीएचडीसीसीआई 120वीं वर्षगांठ मना रहा है। यूपीआईटीईएक्स 2025 राज्य की औद्योगिक क्षमताओं को वैश्विक स्तर पर ले जाने का एक ऐतिहासिक प्रयास है। इस मौके पर राजेश निगम सह अध्यक्ष, स्टेट चैप्टर, पीएचडीसीसीआई, विवेक अग्रवाल सह अध्यक्ष, यूपी राज्य चैप्टर, पीएचडीसीसीआई, सुदीप गोयनका प्रबंध निदेशक, शुभम गोल्डी मसाले, पंकज कुमार मुख्य महाप्रबंधक, नाबार्ड, अतुल श्रीवास्तव शामिल रहे।
300 से अधिक स्टॉल लगे, 20 रुपये टिकट से प्रवेश
एक्सपो में विभिन्न कंपनियों के करीब 300 स्टॉल लगे हैं। इनमें ऑटो मोबाइल कंपनियों से लेकर, खाद्य पदार्थ, वस्त्र, फुटवेयर, फर्नीचर, सब्जी मसाला, मेवा आदि शामिल है। यहां भदोही की कॉलीन, अफगानिस्तान का मेवा समेत हरिद्वार उत्तराखंड के गर्म कपड़े, कोलकत्ता का बुटीक, गुजरात की साड़िया आदि के स्टॉल प्रमुख हैं। खान-पान के स्टॉल भी नामी प्रतिष्ठानों के लगे हैं। एक्सपो में जाने के लिए फ्री सेवा नहीं है। प्रति व्यक्ति प्रवेश के लिए 20 रुपये का टिकट लेना अनिवार्य किया गया है। पहले दिन स्टॉलों पर ज्यादा खरीदारी नहीं हुई। आगामी दिनों में भीड़ के साथ खरीदारी बढ़ने की उम्मीद है।