जापान चीन की बजाय अब भारत में बड़ा निवेश करेगा। खास तौर पर यूपी में ऊर्जा, स्वास्थ्य, कृषि और पर्यावरण क्षेत्र में जापान काम करने को तैयार है। यह भरोसा जापान के उप रक्षामंत्री फ्यूजिमारो सतोशी ने दिया है। वे सोमवार को राजधानी में थे। इस दौरान उन्होंने डिप्टी सीएम केशव मौर्य एवं ब्रजेश पाठक से मुलाकात कर यह इच्छा जताई।
जापान के पूर्व आईटी मंत्री व यूपी, जापान इकोनॉमिक, सोशल एंड इंडस्ट्रियल कमेटी के चेयरमैन नाओकाजू ताकेमोतो ने कहा कि जापान यूपी के विकास में सहभागी बनने को सहर्ष तैयार है। ग्लोबल इन्वेस्टर समिट में भी जापान ने निवेश की तैयारी की है। दोनों उप मुख्यमंत्री से मिलने के बाद गोमतीनगर स्थित एक होटल में ताकेमोतो ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि जापान चाहता है कि यूपी भी टोकियो जैसा सुंदर बने।
चूंकि यूपी में लॉ एंड आर्डर की स्थिति बेहतर है तो ऐसे में यहां निवेश की संभावनाएं ज्यादा हैं। इस निवेश के दूरगामी परिणाम सामने आएंगे। जब जापान पर परमाणु बम गिराया गया था जब भारत ने जापान की मदद की थी। अब जापान लगातार भारत का सहयोग करना चाहता है। उन्होंने कहा कि यूपी के हर जिले में पीजीआई होना चाहिए। अन्य सेक्टरों में भी विकास की दरकार है।
बुलेट ट्रेन के प्रस्ताव पर तेजी
यूपी, जापान इकोनॉमिक, सोशल एंड इंडस्ट्रियल कमेटी के इंडियन को-आर्डिनेटर मो. जावेद खान ने ताकोमोतो कहा कि सबसे अहम दिल्ली से लखनऊ के बीच बुलेट ट्रेन का प्रस्ताव है। इसकी फिजिबिलिटी स्टडी चल रही है। मुंबई से अहमदाबाद के बीच 500 किमी में एक लाख तीस हजार करोड़ के इस प्रस्ताव पर काम चल रहा है। लखनऊ के प्रस्ताव पर काम होने के बाद यह पूरा ट्रैक दिल्ली, लखनऊ, वाराणसी, पटना, चेन्नई , मुंबई व फिर अहमदाबाद को कनेक्ट करेगा। इस प्रस्ताव पर बैठक में चर्चा हुई। यूपी में बांदा और हमीरपुर में कृषि इंस्टीट्यूट जापान के निवेश से खोलने पर भी सहमति बनी है।