आव्या-विवाना, सात्विक-कृपा, अर्चिता- शिवन्या, गार्गी द्विवेदी-चित्रांश और आरव-महर।
कान्हा के रूप में इन्होंने जीता जजों का दिल
शिवन्या, आद्यांश, सताक्षी, विवान, आरव और हेतिका।
राधा के रूप में मारी बाजी
देविशा, अरविका, अर्चिता, महर, गार्गी, वैष्णवी और आव्या श्रेष्ठ राधा।