मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोविड-19 के ज्यादा केस वाले जिलों में विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि सबसे पहले प्रतिदिन 100 से अधिक केस वाले जिलों में जियोग्राफिकल मैपिंग कराकर क्लस्टर की पहचान की जाए। चिह्नित क्लस्टरों में कंटेनमेंट जोन बनाकर संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए प्रभावी कार्यवाही की जाए। इनमें प्रत्येक व्यक्ति की मेडिकल टेस्टिंग की जाए। दूसरे चरण में 50 से अधिक मामलों वाले जिलों में यह व्यवस्था लागू की जाए।
मुख्यमंत्री रविवार को अपने आवास पर उच्चस्तरीय बैठक में अनलॉक व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने प्रदेश में पिछले 17 दिनों में 22 हजार कोविड पॉजिटिव के एक्टिव केस कम होने पर संतोष जताया। उन्होंने कंटेनमेंट जोन में होम डिलीवरी के माध्यम से आवश्यक सामग्री की सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। योेगी ने कहा कि कोविड-19 की रिकवरी दर में वृद्धि के लिए तेजी से प्रयास किए जाएं। उन्होंने लखनऊ के नोडल अधिकारी अपर मुख्य सचिव ग्राम्य विकास एवं पंचायतीराज तथा कानपुर नगर के नोडल अधिकारी प्रमुख सचिव स्वास्थ्य से स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने संक्रमण की रोकथाम के लिए कार्यवाही जारी रखने के निर्देश दिए।
योगी ने कहा कि होम आइसोलेशन में रह रहे मरीजों के साथ-साथ अस्पताल में भर्ती रोगियों से भी सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से कुशलक्षेम लेते रहें। इससे लोगों का मनोबल बढ़ता है। कोविड-19 के संक्रमण से सफलतापूर्वक उपचारित व्यक्तियों के लिए अपनाई गई चिकित्सा व्यवस्था का निरंतर गहन अध्ययन किया जाए। इससे अन्य संक्रमितों के उपचार में मदद मिलती है।
संवाद से करें समस्याओं का समाधान
मुख्यमंत्री ने कहा कि संवाद के माध्यम से बड़ी से बड़ी समस्या का समाधान संभव है। इसलिए सभी समस्याओं का समाधान संवाद बनाकर किया जाना चाहिए। उन्होंने पुलिस विभाग को बालिकाओं, महिलाओं तथा अनुसूचित जाति, जनजाति से जुड़े मामलों में पूरी संवेदनशीलता और तत्परता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि धान खरीद केंद्रों की व्यवस्था को प्रभावी बनाया जाए। सुनिश्चित किया जाए कि एमएसपी से कम पर खरीद न हो। बैठक में मुख्य सचिव आरके तिवारी व वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।