मर्चेंट नेवी के जवान के प्लाज्मा से 67 वर्षीय किसान की जान बचाई जाएगी। यह जवान खुद ही केजीएमयू में प्लाजमा डोनेशन के लिए पहुंचे थे। इसी बीच पता चला कि वार्ड में भर्ती मरीज को प्लाज्मा की जरूरत है। उन्होंने कहा कि यह उनके लिए सौभाग्य की बात है कि किसी की जान बचाने में कामयाब हो रहे हैं।
अमर उजाला की पहल के बाद राजधानी में प्लाज्मा डोनेशन करने वालों की तादात लगातार बढ़ रही है।
वकील, स्वास्थ्य कार्यकर्ता, शिक्षक, इंजीनियर सहित हर पेशे से जुड़े लोग प्लाज्मा डोनेशन के लिए आ रहे हैं। केजीएमयू के ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन विभागाध्यक्ष डा. तुलिका चंद्रा ने बताया कि प्लाज्मा डोनेशन करने के लिए आने वालों की सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जा रहा है। डोनेशन वार्ड को सेनेटाइज करने से लेकर अन्य सावधानी बरती जा रही है। मंगलवार को मर्चेंट नेवी में कार्यरत कार्तिक गुप्ता खुद ब्लज बैंक पहुंचे और प्लाज्मा डोनेशन किया है।
जीआरपी के सिपाही ने किया डोनेशन
प्रतापगढ़ के मूल निवासी और जीआरपी सिपाही राहुल सरोज (30) ने मंगलवार को प्लाज्मा डोनेशन किया। उन्होंने कहा कि जीआरपी एसपी सौमित्र यादव के प्रेरित करने के बाद वे प्लाज्मा डोनेशन कर रहे हैं।
व्यापारी भी आए आगे
राजधानी निवासी जावेद खान (38) ने प्लाज्मा डोनेशन करते हुए कहा कि कोरोना मरीजों की जान बचाने के लिए वह डोनेशन कर रहे हैं। इसके कोरोना को मात देने वाले हर व्यक्ति को आगे आना चाहिए।
मेडिकल छात्र ने किया डोनेशन
एमबीबीएस के छात्र रीतिक वर्मा (23) ने प्लाज्मा डोनेशन करते हुए कहा कि यह उनके लिए गर्व की बात है। डाक्टर का पेशा ही मरीजों की जान बचाना होता है। इसी सोच के साथ डोनेशन किया है।