लखनऊ। प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री और जिले के प्रभारी मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने शुक्रवार सुबह फैजुल्लागंज के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। अधिकारियों को जल निकासी तेज करने और प्रभावित परिवारों तक राहत पहुंचाने में कोई कोताही न बरतने के निर्देश दिए।
उन्होंने प्रभावित परिवारों के लिए स्वच्छ पेयजल और राशन की नियमित आपूर्ति के निर्देश दिए। संक्रामक बीमारियों से बचाव के लिए विशेष सफाई अभियान, कीटनाशक छिड़काव और फॉगिंग पर जोर दिया। राहत कार्यों में सीएसआर के जरिये मदद कर रहे संगठनों और स्वयंसेवी संस्थाओं की भी सराहना की। खन्ना ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों से पानी निकलने में तीन से चार दिन लगेंगे। इसके बाद भी अगले 10 से 12 दिन तक राहत, स्वच्छता और पुनर्वास अभियान जारी रहेगा।
उन्होंने कहा कि आपदा में नागरिकों की सुरक्षा और त्वरित राहत सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। प्रशासन की सक्रियता से जलभराव, सड़क और पेयजल की समस्याओं पर नियंत्रण पाया जा रहा है। इस दौरान महापौर सुषमा खर्कवाल, नगर आयुक्त गौरव कुमार और स्वच्छता प्रोत्साहन समिति के संयोजक सुनील मिश्रा भी मौजूद रहे।
16 दिन बाद पहुंचे प्रभारी मंत्री
आए दिन शहर में घूम-घूमकर पौधरोपण करने वाले और हर महीने चार वार्डों में सफाई का निरीक्षण करने वाले जिले के प्रभारी मंत्री के बाढ़ क्षेत्र में न पहुंचने को लेकर सवाल उठ रहे थे। इस बात की भी चर्चा शुरू हो गई कि थी कि मुख्यमंत्री और रक्षा मंत्री तक हाल जानने जा चुके हैं, मगर शहर में रहते हुए भी प्रभारी मंत्री नहीं आ रहे हैं। अब 16 दिन बाद प्रभारी मंत्री निरीक्षण के लिए फैजुल्लागंज पहुंचे।
6500 घर और 50 हजार लोग प्रभावित
नगर आयुक्त गौरव कुमार ने प्रभारी मंत्री को बताया कि बाढ़ से फैजुल्लागंज क्षेत्र में लगभग 6,500 घर, करीब 8 किलोमीटर का क्षेत्र और लगभग 50 हजार लोग प्रभावित हुए हैं। प्रभावित परिवारों को राहत पहुंचाने के लिए अस्थायी आश्रय स्थलों, पेयजल आपूर्ति, खाद्य सामग्री वितरण, सफाई और स्वास्थ्य सुरक्षा से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है।
फैजुल्लागंज में पहुंचे मंत्री सुरेश खन्ना।
फैजुल्लागंज में पहुंचे मंत्री सुरेश खन्ना।
फैजुल्लागंज में पहुंचे मंत्री सुरेश खन्ना।