लखनऊ। विभूतिखंड स्थित होटल ग्रैंड जेबीआर की लिफ्ट सोमवार रात बेसमेंट में जाकर अटक गई। आठ लोग एक घंटे तक इसमें फंसे रहे। पुलिस के पहुंचने के बाद पेचकस से लिफ्ट का दरवाजा खोलकर सभी को निकाला गया। पीड़ित ने विभूतिखंड थाने में तहरीर दी है।
इंदिरानगर के शक्तिनगर निवासी राजीव शर्मा निजी कंपनी में काम करते हैं। बेटी की सगाई के लिए उन्होंने ग्रैंड जेबीआर की चौथी मंजिल इवेंट मैनेजर धर्मेंद्र से बुक कराई थी।
सोमवार रात करीब 12 बजे राजीव समेत परिवार के आठ लोग लिफ्ट से ग्राउंड फ्लोर पर पहुंचे। राजीव का आरोप है लिफ्ट ग्राउंड फ्लोर पर कुछ सेकेंड के लिए रुकी, पर गेट नहीं खुला। फिर लिफ्ट बेसमेंट में चली गई। लिफ्ट के फंसने से सभी लोग घबरा गए और चीखने लगे। राजीव ने कॉल कर परिवार के अन्य लोगों और रिश्तेदारों को जानकारी दी। आनन-फानन घरवाले होटल कर्मचारियों के साथ बेसमेंट पहुंचे और लिफ्ट का दरवाजा खोलने में जुट गए।
होटल में नहीं था लिफ्ट टेक्नीशियन
आरोप है कि जब कर्मचारियों से लिफ्ट टेक्नीशियन को बुलाने को कहा तो पता चला कि वह है ही नहीं। एक घंटे तक कर्मचारी दरवाजा नहीं खोल सके तो राजीव ने पुलिस को फोन किया। कुछ देर में पहुंची विभूतिखंड पुलिस ने कर्मचारियों की मदद से पेचकस से लिफ्ट के दरवाजे को तिरछा कर लोगों को बाहर निकाला। राजीव शर्मा ने थाने में तहरीर दी है। इंस्पेक्टर विभूतिखंड का कहना है कि जांच की जा रही है।
पहले भी हो चुकीं लिफ्ट फंसने की घटनाएं
03 अगस्त 2024- ध्येय आईएएस कोचिंग की लिफ्ट में विद्यार्थी फंसे थे।
23 नवंबर 2023- केजीएमयू के शताब्दी अस्पताल की लिफ्ट में चार लोग फंस गए थे।
4 अक्तूबर 2023- जनेश्वर एंक्लेव की लिफ्ट में आठ साल की बच्ची फंस गई थी।
19 जून 2023- न्यू जनपद बिल्डिंग में लिफ्ट में डेढ़ घंटे तक 12 बच्चे फंसे रहे थे।