एक्सिस बैंक की नैनी (प्रयागराज) शाखा से शुआट्स यूनिवर्सिटी की रकम उड़ाने के मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) पूर्व कुलसचिव व बैंक के दो बड़े अफसरों की संपत्तियों का ब्यौरा जुटा रहा है। जांच एजेंसी ने इनके साथ ही प्रकरण से संबंधित कुछ अन्य लोगों से उनकी चल-अचल संपत्ति के बारे में जानकारी देने को कहा है।
ईडी ने इस सिलसिले में मंगलवार को यूनिवर्सिटी व बैंक के पूर्व अधिकारियों के ठिकानों पर छापामारी कर गबन से जुड़े कुछ अहम दस्तावेज बरामद किए थे। जिनके यहां छापा पड़ा उनमें बैंक के तत्कालीन प्रबंधक कमल अहसन, यूनिवर्सिटी के वित्त नियंत्रक रहे बर्नबास एस लाल, तत्कालीन अकाउंटेंट राजेश कुमार व अकबर अहमद खान शामिल हैं। निदेशालय पूर्व में कमल अहसन व राजेश कुमार की 4.58 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच कर चुका है।
निदेशालय के सूत्रों का कहना है कि हालांकि पूर्व में कार्रवाई की जा चुकी है पर अभी भी आरोपियों व उनके करीबियों पर नजर रखी जा रही है। जिनके यहां छापामारी की गई उनके सभी खातों की नए सिरे से जांच की जा रही है और इन खातों से निकासी के सभी रिकार्ड चेक किए जा रहे हैं।
अभी तक की पड़ताल में साबित हो चुका है कि यूनिवर्सिटी के बैंक में जो खाते थे उनमें विश्वविद्यालय के ही कुछ पुराने चेक के नंबरों पर कई बार निकासी कर 22 करोड़ 37 लाख 64 हजार से अधिक की रकम निकाल ली गई थी।
इस फर्जीवाड़े में बैंक व यूनिवर्सिटी के अधिकारी शामिल थे। गबन की गई रकम को विभिन्न खातों में स्थानांतरित कर मनी लॉन्ड्रिंग की गई। पूर्व में बैंक के तत्कालीन मैनेजर कमाल एहसान को गिरफ्तार भी किया गया था।