लखनऊ। कैसरबाग के फूलबाग इलाके में शनिवार तड़के बंदरों की दहशत ने ई रिक्शा चालक जीतू सोनकर (40) की जान ले ली। वह घर की पांचवीं मंजिल पर टहल रहे थे कि तभी बंदरों का झुंड आ गया। उन्होंने भगाने की कोशिश की। इसी बीच एक बंदर उन पर झपट पड़ा। घबराहट में जीतू भागे और लड़खड़ा कर नीचे गिर गए। घरवाले उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उनकी मौत हो गई।
भाई रवि ने बताया कि शुक्रवार रात घर के सभी लोग नीचे सो रहे थे, जबकि जीतू छत पर सोने गए थे। शनिवार सुबह करीब 5:30 बजे घरवालों को अचानक उनकी चीख सुनाई पड़ी। आननफानन वह घर के बाहर भागे तो उनके होश उड़ गए। सड़क पर जीतू पड़े हुए थे। उनके सिर से खून बह रहा था। पड़ोसी की मदद से उन्हें बलरामपुर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां जीतू ने दम तोड़ दिया।
वहीं, घर आने पर पड़ोसियों ने बताया कि जीतू छत पर टहल रहे थे कि तभी एकाएक बंदरों का झुंड आ गया। उनमें से एक बंदर ने उन्हें दौड़ाया, उसी दौरान यह हादसा हुआ। घटना ने नगर-निगम और वन विभाग की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पीड़ित परिवार ने भी कार्रवाई मांग की है।