लखनऊ के मधुरिमा रेस्टोरेंट के सामने बुधवार रात एक बजे ओला कैब और निजी कार में टक्कर के बाद घंटों हंगामा चला। निजी कार में शराब के नशे में धुत युवकों ने बीच सड़क पर कैब रुकवाई और जीपीएस लोकेटर डिवाइस, कार की चाबियां, पंजीकरण के कागजात व चालक प्रमोद पांडेय का मोबाइल लेकर चले गए।
पीड़ित चालक ने बताया कि वह रात में पॉलीटेक्निक चौराहे से सीएनजी लेने मधुरिमा के पास स्थित पंप पर जा रहा था। तभी पिकप भवन से आगे सामने से आ रही बेकाबू हुंडई कार ने उसकी इंडिगो कार में टक्कर मार दी।
बीच सड़क पर हादसे में दोनों कारें क्षतिग्रस्त हो गईं। हुंडई में शराब के नशे में धुत दो-तीन युवक सवार थे। वह कार से बाहर निकले और गाली-गलौज करने लगे। प्रमोद पर कार की मरम्मत के रुपये देने का दबाव बनाने लगे।
उसने रुपये न होने की बात कही तो कैब की जीपीएस डिवाइस, रजिस्ट्रेशन के कागज और दो मोबाइल कब्जे में ले लिए। इसके बाद कैब लॉक कर शराबी चाबी लेकर चले गए। जानकारी पाकर ओला व अन्य एजेंसियों की कैब के चालक मौके पर पहुंचे।
ओला ने ट्रेस की लोकेशन
डेमो पिक
पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी गई। यूपी 100 सेवा की पीआरवी मौके पर पहुंची। प्रमोद का कहना था कि उसके पास चाबी व डिवाइस ले जाने वाले युवकों के नाम हैं न ही फोन नंबर।
सिर्फ कार का नंबर था जो कानपुर का है। इसी बीच प्रमोद ने साथी चालकों की मदद से ओला कंपनी को फोन कर मामले की जानकारी दी। कंपनी ने जीपीएस डिवाइस की लोकेशन ट्रेस की जो इंदिरानगर में मिली।
रात करीब तीन बजे चालक इंदिरानगर पहुंचे तो टक्कर मारकर भागी कार सड़क पर खड़ी दिखी। चालकों की सूचना पर गाजीपुर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर युवकों को बुलवाया।
इस पर प्रमोद ने दो युवकों को पहचान लिया। दोनों बुरी तरह से नशे में धुत थे। उन्हें थाना ले जाया गया जहां परिवारीजनों ने कार की चाबियां, जीपीएस डिवाइस, मोबाइल व कागजात वापस कर समझौता कर लिया।