लखनऊ। मनरेगा योजना के तहत जिले की 491 ग्राम पंचायतों में हुए विकास कार्यों की अब ड्रोन से जांच की जाएगी। शासन स्तर से इन कार्यों की गुणवत्ता तय करने के लिए आठ ड्रोन टीमों का गठन किया गया है। ये अप्रैल से काम करना शुरू करेंगी।
ड्रोन सर्वेक्षण से हर ग्राम पंचायत में कराए गए निर्माण कार्यों, सड़क, तालाब व अन्य परियोजनाओं की स्थिति का आकलन किया जाएगा। इससे स्पष्ट होगा कि काम मानकों के अनुसार हुआ है या नहीं। किसी ग्राम पंचायत में काम में अनियमितता या भ्रष्टाचार सामने आता है तो संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
ड्रोन टीमों को जल्द ग्राम पंचायतों में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। डीसी मनरेगा सुशील कुमार सिंह का कहना है कि ड्रोन टीमों की जांच प्रक्रिया जल्द शुरू होने की उम्मीद है। ड्रोन निगरानी का ग्रामीणों को भी लाभ मिलेगा। यदि कोई काम अधूरा या खराब गुणवत्ता का होगा तो उसे फिर से सही तरीके से कराने का अवसर मिलेगा। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर विकास कार्य सुनिश्चित हो सकेगा।